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बायो डीजल फर्म में निवेश के नाम पर सात लाख की धोखाधड़ी


नागपुर- बायो डीजल कंपनी के निवेश के नाम पर दो आरोपियों ने कई लोगों को चूना लगाया इस मामले में पुलिस ने एक फिर्यादी की शिकायत के आधार पर दो आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया है.नागपुर में रस्जिटर्ड अहाना एनर्जी कंपनी के नाम से की गई इस धोखाधड़ी के मुख्य सूत्रधार दो सगे भाई फैजल काज़ी और शिराज काज़ी के खिलाफ पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है दोनों फ़िलहाल फ़रार चल रहे है जिनकी तलाश जारी है.फिर्यादी सिद्धार्थ नरेश दहीकर की शिकायत के मुताबिक जनवरी 2020 में अहाना एनर्जी लिमिटेड कंपनी ने बायो डीजल के व्यापार के नाम पर लोगों से निवेश आमंत्रित किया था.मामले के फिर्यादी सिद्धार्थ को एक स्थानीय अख़बार के माध्यम से इस निवेश की जानकारी मिली थी.विज्ञापन को देखकर उसकी जिज्ञासा बढ़ी और उसने कंपनी के सिविल लाइंस स्थित दफ्तर में विजिट भी दी.इस दौरान उसकी कंपनी के निदेशक फैजल और शिराज से मुलाकात भी हुई.निवेशकों द्वारा सामने रखी गई डील में लाभ देखते हुए फिर्यादी ने 7 लाख रूपए निवेश किया। इस निवेश के तहत उसे मिनी पंप,बायो डीजल मोबाईल पंप और रिटेल आउटलेट दिए जाने का झांसा दिया गया.निवेश के काफी समय बाद भी जब वादे के हिसाब से रिटर्न मिलना शुरू नहीं हुआ तो फिर्यादी को खुद के साथ ठगी होने का संदेह हुआ जिसके बाद उसने सीताबर्डी थाने में शिकायत दर्ज कराई।पुलिस ने प्राथमिक जाँच में आरोपों को सही पाया जिसके बाद एफआईआर रजिस्टर की गई.इस मामले के दोनों आरोपी फ़िलहाल फ़रार है.