logo_banner
Breaking
  • ⁕ TCS नासिक केस में बड़ा खुलासा: चार्जशीट में जाकिर नाइक का नाम, 'इस्लाम ऐप' और ऑफिस की पैंट्री में अश्लील हरकत ⁕
  • ⁕ चंद्रपुर के कैंसर अस्पताल से फिरौती की मांग; "1.23456 बिटकॉइन दो, वरना डेटा गया" ⁕
  • ⁕ अंबाझरी में दिनदहाड़े 7.30 लाख की लूट, मनी एक्सचेंज कंपनी के मैनेजर पर मिर्च पाउडर फेंककर चाकू से हमला... ⁕
  • ⁕ Nagpur: फेसबुक पर फर्नीचर खरीदने के नाम पर छात्रा से हुई 1 लाख 32 हजार रुपये की ऑनलाइन ठगी ⁕
  • ⁕ MLC Election: नामांकन वापस लेना शैलेश अग्रवाल और साहेबराव कांबले को पड़ा भारी, कांग्रेस ने दोनों नेताओं को पार्टी से किया निष्काषित ⁕
  • ⁕ विदर्भ में मौसम का यू-टर्न: अमरावती, वर्धा और चंद्रपुर समेत कई जिलों में 'ऑरेंज अलर्ट'; 40km की रफ्तार से आंधी और भारी बारिश की चेतावनी ⁕
  • ⁕ PF ब्याज पर बड़ा अपडेट: 'घोषणा' से 'जेब' तक का सफर; जानें जून-जुलाई में आपके खाते में क्या होने वाला है! ⁕
  • ⁕ विदर्भ सहित राज्य के 247 नगर परिषदों और 147 नगर पंचायतों में अध्यक्ष पद का आरक्षण घोषित, देखें किस सीट पर किस वर्ग का होगा अध्यक्ष ⁕
  • ⁕ अमरावती में युवा कांग्रेस का ‘आई लव आंबेडकर’ अभियान, भूषण गवई पर हमले के खिलाफ विरोध प्रदर्शन ⁕
  • ⁕ Gondia: कुंभारटोली निवासियों ने विभिन्न मुद्दों को लेकर नगर परिषद पर बोला हमला, ‘एक नारी सबसे भारी’ के नारों से गूंज उठा आमगांव शहर ⁕
Yavatmal

Yavatmal: बंदी क्षेत्र में 79 साल बाद भी बुनियादी सुविधाओं का आभाव, नागरिकों ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को सौंपा ज्ञापन


यवतमाल: आज़ादी को 79 साल बीत गए, लेकिन यवतमाल ज़िले की उमरखेड तहसील के बंदी क्षेत्र के नागरिक अब भी बुनियादी सुविधाओं से वंचित हैं। सड़कों, बिजली और भूमि रिकॉर्ड से जुड़ी कई समस्याओं पर तुरंत कार्रवाई की मांग करते हुए नागरिकों ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को ज्ञापन सौंपा है। 

उमरखेड तहसील का बंदी क्षेत्र अंग्रेज़ों के ज़माने से अस्तित्व में है, लेकिन आज़ादी के बाद भी यहां विकास की रोशनी नहीं पहुंच पाई है। गांवों तक जाने वाले रास्ते अब भी कच्चे हैं। बरसात के दिनों में स्कूल जाने वाले बच्चों समेत आम लोगों को भी  भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।

भूमि रिकॉर्ड से जुड़ी समस्या भी वर्षों से लंबित है। अंग्रेज़ों ने यहां के लोगों को 15–15 एकड़ के खेती प्लॉट दिए थे, लेकिन सही फेरबदल और नामांतरण न होने के कारण किसानों को सरकारी लाभ नहीं मिल पा रहा है। इस समस्या के समाधान के लिए बंदी क्षेत्र विकास समिति लगातार शासन से गुहार लगा रही है।

समिति ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन देकर बिटरगांव–मोरचंडी–दराटी, चिखली–जेवली, सोनदाभी–गाड़ी, मन्याली –चिखली, सोनदाभी–परोटी और जेवली–पेंधा जैसे कच्चे रास्तों को तत्काल पक्का करने की मांग की है। नागरिकों का कहना है कि अब और इंतज़ार नहीं किया जा सकता, सरकार को तुरंत कदम उठाकर बंदी क्षेत्र के विकास की दिशा में ठोस पहल करनी चाहिए।