logo_banner
Breaking
  • ⁕ भंडारा में भीषण सड़क हादसा: ट्रक-पिकअप की जोरदार टक्कर में 8 लोगों की मौत, तीन मासूम भी शामिल ⁕
  • ⁕ पेपर लिक और लापरवाही के खिलाफ MPSC एस्पिरेंट्स का आंदोलन जारी, विपक्ष का महायुति सरकार पर हमला; टास्क फाॅर्स के गठन पर उठाये सवाल ⁕
  • ⁕ Nagpur: नाबालिग से शादी कराकर बनाए शारीरिक संबंध, पति समेत 5 पर मामला दर्ज ⁕
  • ⁕ Nagpur: दुकान में सेंधमारी कर 1.70 लाख रुपये उड़ाने वाले 5 आरोपी गिरफ्तार, दो नाबालिग शामिल ⁕
  • ⁕ गोंदिया-बालाघाट राष्ट्रीय राजमार्ग पर भीषण सड़क हादसा, ट्रक और बोलेरो की टक्कर में छह की मौत; आठ गंभीर घायल ⁕
  • ⁕ श्वेता महल्ले और संजय गायकवाड़ के बीच जुबानी जंग तेज; भाजपा विधायक के बाप वाले जश्न पर शिवसेना नेता का पलटवार, कहा- समय पर बताऊंगा कौन है असली बाप? ⁕
  • ⁕ Nagpur: मल्टीलेयर साउंड सिस्टम, प्लाज्मा और प्रेशर मिड पर रोक; पुलिस आयुक्त की 60 दिन की अधिसूचना ⁕
  • ⁕ Nagpur: डांस क्लास जाने की बात पर पति-पत्नी में हुआ विवाद, दो बच्चों के सामने पति ने पत्नी के गले और पेट पर किए वार ⁕
  • ⁕ Nagpur: शराब को लेकर पति-पत्नी में हुआ विवाद, महिला की जान गई; पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार ⁕
  • ⁕ Nagpur: 8 साल की बच्ची से कोच ने की छेड़खानी, पुलिस ने आरोपी कोच को किया गिरफ्तार ⁕
Amravati

Amravati Itwara Market Flyover: उच्च न्यायालय ने प्रमुख सचिव पर लगाया एक लाख रुपये का जुर्माना, 31 दिसंबर तक पूरा करने का निर्देश


अमरावती: शहर के इतवारा बाजार फ्लाईओवर निर्माण बीरबल की खिचड़ी बन गई, जिसका निर्माण शुरू है, लेकिन कब तक पूरा होगा यह पता ही नहीं। इसी बीच बॉम्बे हिघ्कोर्ट की नागपुर खंडपीठ ने कांग्रेस नेता सुनील देशमुख की याचिका पर सुनवाई करते हुए प्रमुख सचिव पर एक लाख रूपये का जुर्माना लगाया है। इसी के साथ प्रशासन को 31 दिसंबर तक फ्लाईओवर का काम पूरा करने का निर्देश भी दिया है।

अमरावती के इतवारा बाजार क्षेत्र में फ्लाईओवर का निर्माण साढ़े सात साल से चल रहा है, लेकिन अभी तक काम पूरा नहीं हो पाया है। प्रशासन की देरी इसका कारण बनी। इसी के चलते पूर्व राज्य मंत्री सुनील देशमुख ने नागपुर पीठ में एक जनहित याचिका दायर की थी, जिसमें प्रमुख सचिव पर व्यक्तिगत रूप से एक लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया था।

अमरावती शहर का चित्रा चौक, इतवारा बाजार एक बेहद व्यस्त इलाका है। अमरावती शहर के पश्चिमी हिस्से में रहने वाले लगभग 50 से 60 हज़ार नागरिकों के लिए यह पूर्व-उत्तर-दक्षिण क्षेत्रों से जुड़ने का एकमात्र रास्ता है। अब पीठ ने निर्माण पूरा करने के लिए 31 दिसंबर तक की समय-सीमा तय की है। साथ ही, हर महीने काम की प्रगति रिपोर्ट जमा करना भी अनिवार्य कर दिया है।

अदालत ने तय समय सीमा में फ्लाईओवर पूरा न होने पर अदालत की अवमानना का मामला दर्ज करने की चेतावनी दी है। इसलिए अब इस बात पर कड़ी नज़र रखी जा रही है कि अदालती आदेश के बाद काम समय पर पूरा हो पाएगा या नहीं।