logo_banner
Breaking
  • ⁕ जिला परिषद और पंचायत समिति के लिए 5 फरवरी को होगा का मतदान, 7 को मतगणना, दो चरणों में होगा चुनाव ⁕
  • ⁕ राज्य चुनाव आयोग ने ‘लाडली बहन योजना’ का लाभ अग्रिम रूप से देने पर लगाई रोक ⁕
  • ⁕ Nagpur: क्राइम ब्रांच की छापा मार कार्रवाई, साढ़े पाँच लाख का प्रतिबंधित गुटखा–तंबाकू जब्त ⁕
  • ⁕ Nagpur: नायलॉन मांजा पर हाईकोर्ट सख्त, पतंग उड़ाने पर 25,000 और बेचने पर 2.5 लाख रुपये का जुर्माना ⁕
  • ⁕ मनपा चुनाव के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार; सुरक्षा और तकनीकी इंतज़ाम पुख्ता, दोपहर तक परिणाम की संभावना ⁕
  • ⁕ मनपा चुनाव प्रचार का आज अंतिम दिन, रैलियों और जनसभाओं के ज़रिए प्रत्याशी झोंकेंगे पूरी ⁕
  • ⁕ प्रचार के अंतिम दिन भाजपा ने झोंकी पूरी ताक़त; फडणवीस निकाल रहे बाइक रैली, गडकरी और बावनकुले की जनसभाओं से मांगे जाएंगे वोट ⁕
  • ⁕ चांदी के भाव में उछाल का दौर जारी; नागपुर सराफा बाजार में 2,53,500 प्रति किलो पर पहुंची चांदी ⁕
  • ⁕ Bhandara: लाखोरी गांव के पास घूम रहे तीन भालू, इलाके में डर का माहौल ⁕
  • ⁕ Nagpur: नकली एमडी बिक्री विवाद में युवक पर जान लेवा हमला, चाकू मार कर किया गंभीर रूप से घायल ⁕
Akola

कृषि क्षेत्र के विकास के लिए कृषि समृद्धि योजना में लाएंगे बड़ा प्रावधान: कृषि मंत्री दत्तात्रेय भरणे


अकोला: डॉ. पंजाबराव देशमुख कृषि विश्वविद्यालय और कृषि विभाग द्वारा विश्वविद्यालय परिसर में संयुक्त रूप से आयोजित शिवार फेरी और चर्चा सत्र के उद्घाटन अवसर पर राज्य के कृषि मंत्री दत्तात्रेय भरणे ने आश्वासन दिया कि राज्य में भारी वर्षा से प्रभावित एक भी किसान मुआवजे से वंचित नहीं रहेगा। 

उन्होंने कहा कि कृषि यंत्रीकरण, आधुनिक तकनीक और जल के समुचित उपयोग के माध्यम से कृषि क्षेत्र के विकास के लिए सरकार ने नानाजी देशमुख कृषि संजीवनी परियोजना और कृषि समृद्धि योजना में व्यापक प्रावधान किए हैं। राज्य सरकार प्राकृतिक आपदाओं में किसानों की सहायता के लिए पूरी तरह से तत्पर है। 

कृषि मंत्री भरणे ने कहा कि कृषि क्षेत्र के विकास के लिए नानाजी देशमुख कृषि संजीवनी योजना में लगभग 6 हजार करोड़ और कृषि समृद्धि योजना में 5 हजार करोड़ रुपये उपलब्ध कराए गए हैं। किसानों तक नई तकनीक और उपकरण पहुँचाने के लिए विभिन्न योजनाएँ और गतिविधियाँ क्रियान्वित की जाएँगी। इस वर्ष राज्य में अब तक हुई भारी बारिश से 63 लाख 51 हजार 520 हेक्टेयर भूमि को नुकसान पहुँचा है। राज्य सरकार प्रभावित किसानों का पूरा सहयोग कर रही है। उन्होंने आश्वासन दिया कि किसी को भी मुआवजे से वंचित नहीं रखा जाएगा। 

उन्होंने आगे कहा कि कृषि क्षेत्र समय-समय पर बदलते पर्यावरण और प्राकृतिक आपदाओं जैसे संकटों का सामना कर रहा है। इस दौरान किसानों की आय बढ़ाने के लिए एकीकृत कृषि पद्धतियों और पूरक व्यवसायों को अपनाना आवश्यक है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि किसानों तक योजनाओं का लाभ पहुँचाने और फसल के अच्छे बाजार मूल्य दिलाने के लिए अनुसंधान और प्रयास किए जाने चाहिए और प्राकृतिक आपदाओं में भी लागत प्रभावी कृषि पद्धतियाँ विकसित की जानी चाहिए। साथ ही, उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि किसानों की कठिनाइयों और उनकी शंकाओं का समाधान भी इस संगोष्ठी के माध्यम से किया जाएगा।