logo_banner
Breaking
  • ⁕ जिला परिषद और पंचायत समिति के लिए 5 फरवरी को होगा का मतदान, 7 को मतगणना, दो चरणों में होगा चुनाव ⁕
  • ⁕ राज्य चुनाव आयोग ने ‘लाडली बहन योजना’ का लाभ अग्रिम रूप से देने पर लगाई रोक ⁕
  • ⁕ Nagpur: क्राइम ब्रांच की छापा मार कार्रवाई, साढ़े पाँच लाख का प्रतिबंधित गुटखा–तंबाकू जब्त ⁕
  • ⁕ Nagpur: नायलॉन मांजा पर हाईकोर्ट सख्त, पतंग उड़ाने पर 25,000 और बेचने पर 2.5 लाख रुपये का जुर्माना ⁕
  • ⁕ मनपा चुनाव के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार; सुरक्षा और तकनीकी इंतज़ाम पुख्ता, दोपहर तक परिणाम की संभावना ⁕
  • ⁕ मनपा चुनाव प्रचार का आज अंतिम दिन, रैलियों और जनसभाओं के ज़रिए प्रत्याशी झोंकेंगे पूरी ⁕
  • ⁕ प्रचार के अंतिम दिन भाजपा ने झोंकी पूरी ताक़त; फडणवीस निकाल रहे बाइक रैली, गडकरी और बावनकुले की जनसभाओं से मांगे जाएंगे वोट ⁕
  • ⁕ चांदी के भाव में उछाल का दौर जारी; नागपुर सराफा बाजार में 2,53,500 प्रति किलो पर पहुंची चांदी ⁕
  • ⁕ Bhandara: लाखोरी गांव के पास घूम रहे तीन भालू, इलाके में डर का माहौल ⁕
  • ⁕ Nagpur: नकली एमडी बिक्री विवाद में युवक पर जान लेवा हमला, चाकू मार कर किया गंभीर रूप से घायल ⁕
Gadchiroli

साथी की हत्या का बदला,नक्सलियों ने नक्सली की हत्या कर ली


प्रतिकात्मक चित्र 

गडचिरोली : नक्सलग्रस्त जिले गडचिरोली में नक्सलियों ने ही अपने एक साथ की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी.यह घटना  एटापल्ली तहसील के गर्देवाडा में घटी है. दिलीप उर्फ नितेश गजू हिचामी 26 वर्षीय ऐसा मृत नक्सली का नाम है.जिसकी हत्या नक्सलियों कुख़्यात नक्सली  शंकर राव उर्फ वाचम शिवा की हत्या का आरोप लगाते हुए की है.मृत नक्सली तहसील के ही झुरी गांव का मूल निवासी है.सोमवार की मध्यरात्री गर्देवाडा के पास गोलियों के भून कर हत्या की.मृतक दिलीप वर्ष 2011 में पुलिस के कहने पर नक्सली आंदोलन में शामिल हुआ था.2012 में वो  कसनसूर एलओएस का पूर्णकालिक सदस्य बनकर काम कर रहा था.दो महीने पहले सितंबर 2022 तक वो लगातार देश विरोधी आंदोलन के कामकाज को देख रहा था.बताया जा रहा है की दिलीप ने नक्सलियों की विभागीय समिति के सदस्य शंकर राव उर्फ़ वाचम शिवा की पुलिस के कहने पर हत्या की थी.जबकि यह हत्या एक मुठभेड़ में होने का दिखावा दिलीप के द्वारा किया गया था.दिलीप के शव के पास नक्सलियों द्वारा छोड़े गए पत्र में कहा गया है की दिलीप ने ही शंकर की हत्या की थी.

जिस नक्सली की हत्या का आरोप लगाकर दिलीप की हत्या की गई वह शंकर नक्सलियों की विभागीय समिति का सदस्य था.और 40 वर्षों तक विविध दलम में रहकर हिंसक कार्रवाइयों को अंजाम दिया। ज़्यादातर समय उसने दंडकारण्य के अलग-अलग ज़ोन में बिताया था.नक्सलियों के बीच उसे डॉक्टर कहकर संबोधित किया जाता था.