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Gadchiroli

Gadchiroli: मोहफुल से शराब बनाने वाले कारखाने का विरोध, डॉ अभय बंग की सरकार से मान्यता रद्द करने की मांग


गडचिरोली: गडचिरोली जिले के दारू मुक्ति संगठन के अध्यक्ष डॉ अभय बंग ने जिले में प्रस्तावित मोहफुल से शराब निर्माण कारखाने का विरोध किया है। बंग ने इस संबंध में मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री फडणवीस और अजित पवार को निवेदन भी दिया है।   

शराब से बचाव के लिए जिले में पिछले 30 सालों से शराबबंदी है। आदिवासी बहुल इलाकों में शराब बिक्री पर पूरी तरह से प्रतिबंध है। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में साल 2016 में शराब-तम्बाकू नियंत्रण पथदर्शी प्रयोग 'मुक्तिपथ' शुरू किया गया था। जिसके तहत करीब 1100 गांवों में स्त्री शक्ति शराबबंदी करने के लिए कार्य कर रही है।  

उपमुख्यमंत्री फडणवीस जब जिले के पालक मंत्री थे, तब उन्होंने गडचिरोली एमआईडीसी में राज्य के खाद्य और औषधि प्रशासन मंत्री धर्मरावबाबा आत्राम के हाथों 'एलटीबी बेव्हरेज' नामक महफुल से शराब निर्माण कारखाने का भूमिपूजन करवाया था। मोहफुल आदिवासी बहुल इलाकों में शराब बनाने के लिए उपयोग किया जाता है। 

जिला दारू मुक्ति संगठन के अध्यक्ष द्वारा डॉ बंग ने सरकार से मांग की है कि जिले में शराबबंदी के साथ कारखाने की मान्यता को तत्काल प्रभाव से रद्द कर, शराब से गडचिरोली को बचाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध है, विधानसभा में ऐसी घोषणा करे।