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Nagpur

बावनकुले का उद्धव ठाकरे और शरद पवार पर बोला हमला, कहा- मराठा आरक्षण पर मुंदी आखें


नागपुर: राज्य में मराठा आरक्षण का मुद्दा फिर से गरमाया हुआ है। विपक्षी दल राज्य सरकार पर हमलावर है। विपक्षी नेताओं के आरोप पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष नाना पटोले ने पलटवार किया है। नागपुर में पत्रकारों से बात करते हुए बावनकुले ने कहा, “जब सुप्रीम कोर्ट में मराठा आरक्षण की सुनवाई चल रही थी, तब मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे और महा विकास अघाड़ी नेता शरद पवार को अक्षम्य रूप से नजरअंदाज किया गया।” अध्यक्ष ने कहा, सुप्रीम कोर्ट के काम की दिशा में कदम उठाने के कारण उन्हें मराठा आरक्षण गंवाना पड़ा।

बावनकुले ने कहा, ''उद्धव ठाकरे ने मराठा आरक्षण पर आंखें मूंद लीं। शरद पवार ने नजरअंदाज किया और अब दोनों में से किसी को भी सरकार पर आरोप लगाने का अधिकार नहीं है।' जब वे सत्ता में थे तो उन्होंने मराठा आरक्षण बरकरार नहीं रखा। अब उनकी बात बेमानी है।

स्टालिन की भाषा उन्हें स्वीकर्य

उदयनिधि ने सवाल किया कि स्टालिन द्वारा सनातन हिंदू धर्म को खत्म करने की भाषा की बात करते हुए ठाकरे अब चुप क्यों हैं। स्टालिन इंडिया फ्रंट के नेता हैं। उस मोर्चे पर हैं उद्धव ठाकरे। ठाकरे ने अभी तक स्टालिन के बारे में एक भी शब्द नहीं बोला है। उन्होंने अब सत्ता की लालसा के लिए सभी विषयों को छोड़ दिया है।' ठाकरे उन लोगों के साथ हैं जो सनातन धर्म को खत्म करने की बात करते हैं, उन्हें अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।' बावनकुले ने पूछा कि क्या उन्हें सोचना चाहिए कि स्टालिन की आलोचनाएँ स्वीकार्य हैं।

कीर्तिकर ने सत्य कहा

गजानन कीर्तिकर ने सच कहा कि जब शिवसेना नेता पार्टी छोड़ रहे थे तो उद्धव ठाकरे केवल एक दर्शक थे। उन्हें लगता है कि अगर एकनाथ शिंदे और अन्य नेता चले जाएं तो ही पार्टी की कमान आदित्य ठाकरे को सौंपी जा सकती है। महाविकास अघाड़ी काल में मुख्यमंत्री रहते हुए भी शिवसैनिकों के काम नहीं होते थे, मातोश्री तक उनकी पहुंच नहीं थी।

भारत नाम सबके लिए कल्याणकारी

भारत नाम का इतिहास 10 हजार वर्ष पुराना है। 'इंडिया' नाम अंग्रेजों ने दिया था। जो लोग इंडिया नाम का विरोध करते हैं वे पश्चिमी पृष्ठभूमि पर इस देश में काम करना चाहते हैं। सभी देशवासी भारतीय हिंदू संस्कृति के लिए काम करना चाहते हैं। भारत शब्द हर किसी के मन में है और यह शब्द सभी के लिए गौरवपूर्ण और कल्याणकारी है। इंडिया शब्द हर जगह आना चाहिए।