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Nagpur

राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने खाली पड़ी जमीन का समयबद्ध आधार पर उपयोग करने के दिए निर्देश


नागपुर: नागपुर महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण और नागपुर सुधार ट्रस्ट के विभिन्न विकास कार्यों के संबंध में आज पालकमंत्री चंद्रशेखर बावनकुले की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक हुई। इस दौरान राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने कहा कि सरकार ने नागपुर महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण के अंतर्गत विभिन्न परियोजनाओं के विकास हेतु लगभग 7 हज़ार 168 हेक्टेयर भूमि उपलब्ध कराने का निर्णय लिया है। वर्तमान में लगभग 3 हज़ार हेक्टेयर भूमि उपलब्ध है। 

उन्होंने कहा कि नागपुर महानगर के पंचक्रोशित क्षेत्र में आने वाले इन क्षेत्रों में से कुछ पर दीर्घकालिक योजना के तहत परियोजनाएँ क्रियान्वित की जाएँगी। इन क्षेत्रों को बंजर होने से बचाने के लिए, महिला स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से हर्बल औषधियाँ, चरागाह, बाँस के बागान और इसी तरह के अन्य उत्पाद विकसित किए जाने चाहिए। इसके लिए ग्रामीण क्षेत्रों में संबंधित स्थानों के निकट स्थित सक्षम स्वयं सहायता समूहों का चयन किया जाएगा। 

राजस्व मंत्री और पालकमंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने बताया कि एक हज़ार स्वयं सहायता समूहों की लगभग दस हज़ार महिलाओं को इस माध्यम से रोज़गार उपलब्ध कराया जाएगा। इसके लिए, खनिज फाउंडेशन के माध्यम से पात्र स्वयं सहायता समूहों को एक लाख रुपये तक की गैर-वापसी योग्य पूंजी उपलब्ध कराने का निर्णय लिया जाएगा।

उन्होंने कहा कि प्राधिकरण के अंतर्गत पूर्वी, पश्चिमी, दक्षिणी और उत्तरी क्षेत्रों में नालों का गहरीकरण महत्वपूर्ण है। इसके साथ ही, इस क्षेत्र में जो भी जल संसाधन उपलब्ध हैं, उनका सुदृढ़ीकरण स्थानीय ग्राम पंचायत और जनप्रतिनिधियों के साथ समन्वय करके किया जाना चाहिए। उन्होंने निधि की उपलब्धता की समस्या के समाधान हेतु स्वतंत्र सीएसआर हेतु उचित प्रक्रिया पूरी करने और एमएमआरडीए के माध्यम से उसका पंजीकरण करने के निर्देश दिए। इन कार्यों का क्रियान्वयन सीएसआर के माध्यम से किया जाएगा।