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Nagpur

"स्कूल परिवहन नियमों में खामियों को तुरंत करें दूर, अन्यथा होगा कड़ा विरोध प्रदर्शन"; स्कूल वैन चालक संघों ने दी सरकार को चेतावनी


नागपुर: नागपुर वाहतूक आघाडी कल्याण संघ और स्कूल वैन चालक संघ पत्र परिषद में सरकार से स्कूल परिवहन के संबंध में नियमों में विसंगतियों को तुरंत सुधार कर न्याय देने की मांग की। संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि कोई कदम नहीं उठाया गया तो वह आंदोलन का रुख अपनाएंगे। 

वाहन चालकों के संगठनों ने सरकार को चेतावनी दी है कि वह स्कूल परिवहन से संबंधित नियमों में विसंगतियों को तुरंत दूर करे, अन्यथा उन्हें कड़े विरोध का सामना करना पड़ेगा। संघ का कहना है कि स्कूली छात्रों को ले जाने वाले निजी स्कूल वैन चालकों पर अनुचित नियम थोपे जा रहे हैं, तथा सरकार की 2011 की स्कूल परिवहन नीति में विसंगतियों के कारण उन पर वित्तीय और मानसिक तनाव उत्पन्न हो रहा है।

वाहतूक आघाडी वेलफेयर एसोसिएशन के सचिव उदय आंबूलकर ने बताया कि शैक्षणिक संस्थाओं के स्वामित्व वाले वाहनों की आयु सीमा 20 वर्ष तथा निजी स्कूल वैन के लिए 15 वर्ष निर्धारित की गई है। यह असमानता अनुचित है। उन्होंने मांग की कि सभी स्कूल वैनों की आयु सीमा बढ़ाकर 20 वर्ष करने की आवश्यकता है। वाहतूक संघ का आरोप है कि कई वर्षों से स्कूल वैन चालकों का मुद्दा केवल कागजों पर ही मौजूद है। हकीकत में, कोई भी अभिभावक या शिक्षक आकर वैन का निरीक्षण नहीं करता। सारी जिम्मेदारी पूरी तरह से वैन चालक पर डाल दी गई है।

संघ ने कहा कि अब तक केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, मुख्यमंत्री, पालकमंत्री और परिवहन मंत्री को कई बार ज्ञापन दिया जा चुका है, लेकिन सरकार मांगों की अनदेखी कर रही है। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि इन मांगों को तुरंत पूरा नहीं किया गया तो जोरदार विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। विरोध प्रदर्शन की दिशा 23 अगस्त को नागपुर में होने वाली ड्राइवरों की एक बड़ी सभा में तय की जाएगी।