logo_banner
Breaking
  • ⁕ वर्धमान नगर- डिप्टी सिग्नल "बहरीन बाई सोनबोइर" फ्लाईओवर जनता को समर्पित, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने किया उद्घाटन ⁕
  • ⁕ Gondia: सखी वन स्टॉप सेंटर की तत्परता: बिहार और भुसावल की दो लापता महिलाएं सकुशल पहुंचीं घर ⁕
  • ⁕ Chandrapur: ड्रग्स मुक्त बनाने की ओर बड़ा कदम: पुलिस ने नष्ट किया 66 लाख रुपये का मादक पदार्थ ⁕
  • ⁕ Nagpur: कोथुलना के पास लहसुन से भरा ट्रक पलटा, दो गंभीर रूप से घायल; स्पीड ब्रेकर बनाने की मांग ⁕
  • ⁕ Nagpur: आर्थिक अनियमितता के मामले में बड़ी कार्रवाई: अरोली की सरपंच रोशनी भुरे अपात्र घोषित, अपर आयुक्त का फैसला ⁕
  • ⁕ Bhandara: तुमसर में सफाई कर्मचारियों ने मुख्याधिकारी की गाड़ी घेरी, आमरण अनशन शुरू ⁕
  • ⁕ रिश्ते शर्मसार: मां दूध लेने गई बाहर, कलयुगी पिता ने अकेली नाबालिग बेटी से की अश्लील हरकत; विरोध करने पर पीटा, गिरफ्तार ⁕
  • ⁕ विदर्भ सहित राज्य के 247 नगर परिषदों और 147 नगर पंचायतों में अध्यक्ष पद का आरक्षण घोषित, देखें किस सीट पर किस वर्ग का होगा अध्यक्ष ⁕
  • ⁕ अमरावती में युवा कांग्रेस का ‘आई लव आंबेडकर’ अभियान, भूषण गवई पर हमले के खिलाफ विरोध प्रदर्शन ⁕
  • ⁕ Gondia: कुंभारटोली निवासियों ने विभिन्न मुद्दों को लेकर नगर परिषद पर बोला हमला, ‘एक नारी सबसे भारी’ के नारों से गूंज उठा आमगांव शहर ⁕
National

ओटीटी प्लेटफार्मों पर अश्लील और आपत्तिजनक सामग्री पर सख्ती, केंद्र सरकार ने जारी की एडवायजरी


नई दिल्ली: सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने ओटीटी प्लेटफार्मों को भारतीय कानूनों और आईटी नियम 2021 के तहत निर्धारित आचारसंहिता का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए हैं। मंत्रालय को सांसदों, विभिन्न संगठनों और आम जनता से शिकायतें मिली थीं कि कुछ ओटीटी प्लेटफार्मों और सोशल मीडिया पर अश्लील, भद्दी और आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित की जा रही है। इन शिकायतों को ध्यान में रखते हुए मंत्रालय ने ओटीटी प्लेटफार्मों और उनकी स्व-नियामक संस्थाओं को एडवायजरी जारी की है।

मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि आईटी नियम 2021 के भाग-III के तहत ओटीटी प्लेटफार्मों के लिए आचारसंहिता बनाई गई है, जिसमें यह अनिवार्य है कि वे किसी भी गैरकानूनी सामग्री का प्रसारण न करें। साथ ही, 'ए' रेटेड सामग्री के लिए उम्र-आधारित वर्गीकरण और एक्सेस कंट्रोल जैसे सुरक्षा उपाय अपनाने को भी कहा गया है।

इसके अलावा, मंत्रालय ने ओटीटी प्लेटफार्मों को याद दिलाया कि 'महिला अश्लीलता प्रतिबंध अधिनियम, 1986', 'भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023', 'पॉक्सो अधिनियम' और 'सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, 2000' के तहत अश्लील और पोर्नोग्राफिक सामग्री प्रकाशित करना दंडनीय अपराध है।

मंत्रालय ने ओटीटी प्लेटफार्मों को आईटी नियम 2021 का कड़ाई से पालन करने और स्व-नियामक संस्थाओं को आचारसंहिता के उल्लंघन पर सख्त कदम उठाने की सलाह दी है। अब देखना यह होगा कि ओटीटी प्लेटफार्म इस एडवायजरी का कितना पालन करते हैं और सरकार इस पर कितनी सख्ती बरतती है। इस मुद्दे पर आपकी क्या राय है? हमें कमेंट में जरूर बताएं।