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Maharashtra

नए साल के स्वागत के जश्न में शराब की बजाये दूध का करें इस्तेमाल विनायक मेटे को याद करते हुए फडणवीस ने कही बात


मुंबई:शनिवार को सारा देश नए वर्ष के स्वागत की तैयारी में जुटा है.इसी परिप्रेक्ष्य में राज्य के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राज्य के पूर्व मंत्री विनायक मेटे को याद करते हुए बताया की “ मेटे ने उन्हें कहा था की 31 फ़स्ट के अवसर पर लोग शराब की बजाये मसाला दूध पिए इसके लिए प्रत्यत्न किये जाने की बात कही थी”

फडणवीस बीड में नशामुक्ति को लेकर जागरूकता कार्यक्रम में हिस्सा लेने पहुंचे थे. इस कार्यक्रम का आयोजन शिव संग्राम की ओर से किया गया. इस अवसर पर उन्होंने स्वर्गीय विनायक मेटे के साथ हुई बातचीत को याद किया।  यह पहल 2015 में शुरू की गई थी उस वक्त विनायक मेटे ने फडणवीस से कहा था कि 31 दिसंबर को लोगों को शराब की जगह मसाला वाला दूध पिलाने की कोशिश करेंगे। फडणवीस ने बताया की मैं मुख्यमंत्री था जब मेटे ने 2015 में नशे की लत से लोगों को छुटकारा दिलाने के लिए यह अवधारणा पेश की थी। इसके लिए उन्होंने मुझे आमंत्रित किया था और मुझसे कहा था कि वह नशा मुक्ति के लिए एक बड़ी रैली और कार्यक्रम आयोजित करना चाहता है। 31 दिसंबर के नाम पर भारी मात्रा में शराब व अन्य व्यसनों की पार्टियां हो रही हैं, जिसका प्रतिकूल प्रभाव युवा पीढ़ी पर पड़ रहा है. शराब पीने के बाद लोगों में मारपीट हो जाती है हादसे हो जाते हैं। हम ऐसे लोगों को नशे से दूर करना चाहते हैं। इसलिए, इस कार्यक्रम के माध्यम से यह सुनिश्चित करने की कोशिश करेंगे कि लोग रात में नए साल का स्वागत करते समय शराब के बजाय मसाला दूध पिए । फडणवीस ने कहा, "मैंने उनसे कहा कि यह एक अच्छी अवधारणा है और मुझे आशा है कि आपकी यह पहल धीरे-धीरे महाराष्ट्र के अन्य जिलों तक भी पहुंचेगी। उसके बाद उन्होंने कहा कि आप उद्घाटन में आइए। उस समय मेरा दूसरा कार्यक्रम निर्धारित था। मेटे ने मुझसे कार्यक्रम में आने के लिए कहा था तो मैंने जवाब दिया की  मैं नशे से मुक्त हूं, मुझे कोई नशा नहीं है तो उन्होंने कहा की मुझे लोगो को दिखाना है की जो नशा नहीं करते वो मुख्यमंत्री बन सकते है.

फडणवीस ने बताया की  एक साल बाद इस कार्यक्रम में आने की  योजना थी लेकिन इसे रद्द कर दिया गया। मैं आज इस कार्यक्रम में आया हूं, लेकिन दुर्भाग्य है की से विनायक यहाँ नहीं हैं।