logo_banner
Breaking
  • ⁕ "अधिकारियो को खरात एक दूसरे की पत्नियों से संबंध रखने का देता था सलाह", विजय वडेट्टीवार का सनसनीखेज दावा ⁕
  • ⁕ "बयानबाजी करने से अच्छ विजय वडेट्टीवार सरकार या एसआईटी को साबुत दें", चंद्रशेखर बावनकुले का कांग्रेस नेता को आवाहन ⁕
  • ⁕ Bhandara: नरभक्षी बाघिन का आतंक, एक की मौत, महिला गंभीर; गुस्साए ग्रामीणों ने किया सड़क जाम ⁕
  • ⁕ Nagpur: रामनवमी पर नागपुर में हाई अलर्ट, 2500 पुलिसकर्मी सुरक्षा में रहेंगे तैनात ⁕
  • ⁕ भारत का 'मिशन गैस ग्रिड': केंद्र सरकार का बड़ा आदेश, अब हर घर तक पाइपलाइन से पहुंचेगी गैस; एलपीजी पर निर्भरता होगी खत्म! ⁕
  • ⁕ नागपुर में 'बर्ड फ्लू' की दस्तक: सेमिनरी हिल्स 'बाधित क्षेत्र' घोषित, अंडे और चिकन की बिक्री पर 21 दिनों का प्रतिबंध ⁕
  • ⁕ जामसांवली धाम में उमड़ेगा भक्ति का महासागर: "हनुमान लोक" का प्रथम चरण हुआ पूरा, मुख्यमंत्री मोहन यादव 26 मार्च को करेंगे लोकार्पण ⁕
  • ⁕ Ramtek: नवरगांव स्थित टूरिस्ट ढ़ाबा के कुक की छह माह बाद मिली लाश, पुलिस ने ढ़ाबे के 4 कर्मचारियों को किया गिरफ्तार ⁕
  • ⁕ Wardha: आपूर्ति विभाग की बड़ी कार्रवाई, हजारों टन अवैध गेहूं-चावल जब्त, बजरंग दल की सतर्कता से गोदाम सील ⁕
  • ⁕ Amravati: वलगाव में खेत में किसान के साथ अज्ञात लोगों ने की मारपीट, डॉक्टरों की लापरवाही से किसान की मौत होने का आरोप ⁕
Amravati

राशन का अनाज बेचा तो कार्ड होगा निरस्त, नगर आपूर्ति विभाग ने दी नागरिकों को सख्त चेतवानी; जमाखोरों पर कड़ी नजर


अमरावती: लोगों से राशन का अनाज खरीदकर खुले बाजार में बेचने वाले अनाज तस्कर पिछले कुछ दिनों में अधिक सक्रिय हो गए हैं। नगर आपूर्ति विभाग ने भी इनके खिलाफ कार्रवाई करने के लिए कमर कस ली है और छापेमारी शुरू कर दी है। आपूर्ति विभाग ने नागरिकों से भी खुले बाजार में अनाज न बेचने की अपील की है। अगर कोई जानबूझकर बाहर राशन का अनाज बेचता पाया जाता है तो आपूर्ति विभाग उनके कार्ड निरस्त करने की सख्त चेतावनी जारी की है।

गरीब और जरूरतमंद लोगों को मानसून के मौसम में राशन का अनाज खरीदते समय अधिक परेशानी का सामना न करना पड़े। इसलिए राज्य सरकार ने तीन महीने का राशन एक साथ देने का फैसला किया है। इसके अनुसार राशन का वितरण शुरू हो गया है। तीन महीने का राशन एक साथ मिलने से जमाखोरी करने वाले अनाज तस्कर भी सक्रिय हो गए हैं। कुछ ने तो राशन की दुकानों पर डेरा भी जमा कर लिया है। अधिक अनाज होने से गरीब लोग भी कम पैसे में वह अनाज देने को तैयार हैं। इसका फायदा उठाकर वे ग्राहकों से अनाज खरीदकर खुले बाजार में बेच रहे हैं। वे बस्तियों में घूम-घूमकर राशन का अनाज खरीद रहे हैं।