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National

राहुल गांधी को उनका कदम ही पड़ा भारी, आयोग ने रद्द की लोकसभा सदस्य्ता


नई दिल्ली: कांग्रेस नेता राहुल गांधी (Rahul Gandhi) को बड़ा झटका लगा है। सूरत अदालत द्वारा दो साल की सजा सुनाए जाने के बाद शुक्रवार को उनकी लोकसभा सदस्य्ता रद्द कर दी है। इस बात की जानकारी लोकसभा सचिवालय ने दी। सदस्य्ता रद्द के साथ साथ अब राहुल छह साल तक कोई भी चुनाव नहीं लड़ सकते हैं। कांग्रेस नेता केरल के वायनाड लोकसभा सीट (Vaynaad Loksabha Seat) से सांसद थे।

उनका ही कदम पड़ा उन पर भारी

ज्ञात हो कि, 10 साल पहले मनमोहन सिंह सरकार ने दावी दागी सांसदों को बचने के लिए एक अध्यादेश लाया है। जिसके अनुसार, अगर कोई भी जनप्रतिनिधि अदालत से दोषी साबित होती और उसे सजा मिलती है तो भी उसकी सदस्यता नहीं जाएगी और वह सदन का सदस्य बना रहेगी। अपनी ही सरकार के इस निर्णय का राहुल गांधी ने विरोध किया था और बीच प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस अध्यादेश को फाड़ दिया था। 

अभी भी बच सकती है सदस्य्ता 

भले ही आयोग ने उनकी लोकसभा सदस्य्ता रद्द कर दी हो, लेकिन अभी भी उनके पास कई रास्ते बचे हुए हैं। जिससे वह अपनी सदस्य्ता को बचा सकते हैं। राहुल सूरत अदालत के निर्णय के खिलाफ उच्च न्यायालय जा सकते हैं और इस दौरान अदालत ने निर्णय पर रोक लगा दी तो राहुल की लोकसभा सदस्य्ता बच जाएगी और वह संसद की कार्रवाई  की कार्रवाई में शामिल हो सकते हैं।