logo_banner
Breaking
  • ⁕ विजय वडेट्टीवार का कौशल्य विकास योजना में 400 करोड़ रुपये के घोटाले का आरोप, चंद्रशेखर बावनकुले ने दिया उत्तर ⁕
  • ⁕ श्रीकृष्ण पाहुरकर के गंभीर आरोप, हर्षवर्धन देशमुख को पद से हटाने की मांग, कर्मचारियों पर प्रचार का दबाव बनाने का आरोप ⁕
  • ⁕ चुनाव आते ही उर्दू स्कूलों की याद क्यों? किरण सरनाईक पर यशोमती ठाकुर का निशाना ⁕
  • ⁕ शिक्षकों का चुनाव प्रचार में इस्तेमाल हुआ तो रद्द होगी संस्था की मान्यता! चंद्रशेखर बावनकुले की चेतावनी ⁕
  • ⁕ अनिल बोंडे का बागी उम्मीदवार डॉ. संगीता शिंदे को आशीर्वाद, महायुति में बढ़ी कलह ⁕
  • ⁕ Nagpur: सामान वेतन सहित विभिन्न लंबित मांगों को लेकर न्यायिक कर्मचारी संघ का प्रदर्शन ⁕
  • ⁕ Akola: काटेपूर्णा और मोर्णा बांध से मिलेगा 24.03 दलघमी पानी, शहर की जलापूर्ति को राहत ⁕
  • ⁕ Chandrapur: पति के सामने बाघ ने महिला पर किया हमला, खेत में काम करते समय दर्दनाक मौत..! ⁕
  • ⁕ Buldhana: 'हमें भीख नहीं, मदद चाहिए', बुलढाणा में किसान संघ ने कद्दू और चॉकलेट देकर सरकार के खिलाफ निकाला गुस्सा.. ⁕
  • ⁕ Nagpur: ड्यूटी पूरी कर घर पहुंचे ASI रविंद्र कोकांडे की अचानक बिगड़ी तबीयत, इलाज के दौरान मौत ⁕
National

MahaKumbh 2025: प्रशासन ने नियमों में किए कई बदलाव, मेला क्षेत्र ‘नो व्हीकल जोन’ घोषित


प्रयागराज: महाकुंभ क्षेत्र में हुए हादसे के बाद राज्य सरकार ने भीड़ को नियंत्रित करने और आने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर नियमों में बदलाव किया है। इसके तहत प्रशासन ने मेला क्षेत्र को नो व्हीकल जोन घोषित कर दिया है। साथ ही सभी पास को रद्द करते हुए वीआईपी स्नान पर भी रोक लगा दी है। नए नियम चार फरवरी तक लागू रहेंगे।

मौनी अमावस्या के दौरान त्रिवेणी पर भगदड़ मच गई थी। इस हादसे में 30 लोगों की मौत हो गई। वहीं साठ से ज्यादा लोग घायल हो गए थे। हादसे का मुख्य कारण अत्यधिक भीड़ और लापरवाही को माना गया। हादसे के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मामले की समीक्षा की और अधिकारियों को तुरंत उचित उपाय करने के निर्देश दिया। इसी के साथ मुख्यमंत्री ने शहर के अंदर जाम नहीं लगने, स्नान करने वाले लोगों की एक जगह भीड़ नहीं लगने सहित उनकी सुरक्षा के लिए सख्त कदम उठाने का आदेश दिया।

बैठक के बाद राज्य सरकार के निर्देश पर जिला प्रशासन ने महाकुंभ के लिए बनाए नियमों में पांच महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं, जिसमें गाड़ियों के प्रवेश पर रोक, विविआईपी स्नान, भीड़ को नियंत्रित करने वाले कदम शामिल है। 

नियमों में बदलाव के अनुसार 

  • मेला क्षेत्र पूरी तरह नो-व्हीकल जोन - सभी प्रकार के वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध.
  • VVIP पास हुए रद्द - किसी भी विशेष पास के जरिए वाहन को प्रवेश नहीं मिलेगा.
  • रास्ते किए गए वन-वे - श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन के लिए एक तरफा मार्ग व्यवस्था लागू.
  • वाहनों की एंट्री पर रोक - प्रयागराज से सटे जिलों से आने वाले वाहनों को जिले की सीमा पर रोका जा रहा है.
  • शहर में चार पहिया वाहनों की एंट्री पर पूरी तरह से रोक रहेगी.

प्रोटोकाल में हुए बदलाव 4 फरवरी 2025 तक लागू रहेंगे। यही नहीं प्रशासन ने भविष्य में लोगों की संख्या को देखते हुए इसमें और बदलाव करने की बात कही है। प्रशासन का कहना है कि इन बदलावों का उद्देश्य कुंभ क्षेत्र में भीड़ को नियंत्रित करना और श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। इसी के साथ श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि वे प्रशासन के निर्देशों का पालन करें और किसी भी तरह की अव्यवस्था से बचने में सहयोग करें। 

देखें वीडियो: