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आवारा श्वान को खुले में खाना खिलाने पर हाईकोर्ट ने निर्णय पर सुप्रीम कोर्ट ने लगाई रोक


नई दिल्ली: नागपुर शहर में आवारा श्वान को खाना खिलाये जाने को लेकर बंबई उच्च न्यायालय की नागपुर खंडपीठ द्वारा दिए गए आदेश पर सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगा दी है.हाईकोर्ट के निर्णय के विरोध में पशुप्रेमी सुप्रीम कोर्ट गए है इसी मामले की बुधवार को हुई सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने यह रोक लगाई है.इसके साथ ही हाईकोर्ट की उस टिप्पणी जिसमे आवारा श्वान से प्रेम रखने वाले लोगों को गोद लिए जाने की बात कही गयी थी उस पर भी रोक लगा दी गयी है.

गौरतलब हो की हाईकोर्ट ने अपने आदेश में कहा था की जो लोग श्वान को खुले में खाना खिलाते है उन्हें यह काम अपने घरों में करना चाहिए।और प्रशासन को यह निर्देश भी दिया था की जो ऐसा करें उन पर कार्रवाई की जाये और जुर्माना भी वसूला जाये। हाईकोर्ट के आदेश के बाद नागपुर महानगर पालिका ने खास तौर से आवारा श्वान को खुले में खाना खिलाये जाने को लेकर कुछ नियमावली बनाई थी जिस पर अमल भी शुरू हो चुका है.

न्यायमूर्ति संजीव खन्ना और न्यायमूर्ति जेके माहेश्वरी की पीठ ने यह आदेश जारी किया है और महानगर पालिका को यह निर्देशित किया है की वह ऐसी जगह चिन्हित करें जहां पशुप्रेमी श्वानों को खाना खिला सके.