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Maharashtra

फडणवीस कैबिनेट में मंत्री बने छगन भुजबल, राज्यपाल राधाकृष्णन ने दिलाई शपथ


मुंबई: एनसीपी के वरिष्ठ नेता छगन भुजबल आख़िरकार छह महीने के बाद देवेंद्र फडणवीस सरकार में शामिल हो गए। सुबह 10 बजे राज भवन में आयोजित कार्यक्रम में राज्यपाल राधाकृष्णन ने भुजबल को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। इस दौरान मुख्यमंत्री फडणवीस सहित दोनों उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और अजित पवार भी मौजूद रहे। 

छगन भुजबल महाराष्ट्र सरकार में पहले भी कई बार मंत्री पद संभाल चुके हैं, अब फिर से सत्ता में वापसी हुई हैं। उन्हें अजित पवार गुट का बेहद करीबी नेता माना जाता है। येवला से विधायक भुजबल राज्य के ओबीसी नेताओं में एक बड़ा नाम हैं। पिछले कुछ दिनों से वो नाराज थे , लेकिन अब मंत्री पद की शपथ लेने के साथ ही उनकी नाराजगी दूर होने की भी चर्चा है।  मंगलवार सुबह १० बजे राजभवन में मंत्रिमंडल का विस्तार हुए , जहां राज्यपाल सी. पि. राधाकृष्णन ने छगन भुजबल को मंत्री पद की शपथ दिलाई।  

चर्चा है कि भुजबल को धनंजय मुंडे का मंत्रालय मिल सकता है। धनंजय मुंडे ने बीड के सरपंच संतोष देशमुख की हत्या के बाद इस्तीफा दे दिया था, जिससे बाद पद खाली हुआ था। माना जा रहा है कि उन्हें खाद्य और नागरिक आपूर्ति मंत्रालय की जिम्मेदारी दी जा सकती है।

पिछली बार भुजबल को कैबिनेट में जगह नहीं मिलने पर उनकी नाराजगी खुलकर सामने आई थी। इसके अलावा राज्यसभा चुनाव में भी उनके नाम की चर्चा हुई थी, लेकिन अंतिम समय में अजित पवार ने अपनी पत्नी सुनेत्रा पवार को राज्यसभा भेज दिया। अब भुजबल की वापसी को अजित पवार की ‘डैमेज कंट्रोल’ की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।

भुजबल का राजनीतिक अनुभव और कद को इसी बात से समझा जा सकता है कि वो महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम भी रह चुके हैं। मंगलवार को हुए मंत्रिमंडल विस्तार के इस कदम से एक ओर जहां ओबीसी समाज को साधने की कोशिश की जा रही है, वहीं एनसीपी के भीतर संतुलन बनाने की रणनीति भी नजर आ रही है।