logo_banner
Breaking
  • ⁕ 2013 यौन उत्पीड़न मामला: तरुण तेजपाल दोषी करार, बॉम्बे हाईकोर्ट ने सुनाई 10 साल की सजा ⁕
  • ⁕ चंद्रपुर महापालिका में बदलते सियासी समीकरण, मुनगंटीवार समर्थक महापौर को वडेट्टीवार खेमे का सहारा ⁕
  • ⁕ 7 करोड़ 68 लाख की ठगी का पर्दाफाश, महिलाओं को कर्ज का झांसा देकर करोड़ों का खेल; मास्टरमाइंड मंदा गुमगावकर गिरफ्तार ⁕
  • ⁕ एलोपैथी अभ्यास की अनुमति के खिलाफ डॉक्टरों का आंदोलन, मुख्यमंत्री फडणवीस बोले- सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन कर रही है सरकार ⁕
  • ⁕ यातायात पुलिस का 'गांधीगिरी' पैटर्न! अकोला में हेलमेट पहनने वालों का गुलाब देकर स्वागत, तो नियम तोड़ने वालों पर सख्त कार्रवाई ⁕
  • ⁕ नागपुर में SIR अभियान से हड़कंप, मतदाता सूची से हटने जा रहे करीब 6 लाख नाम! ⁕
  • ⁕ रामटेक में हिट एंड रन, तेज रफ्तार कार ने बाइक को मारी टक्कर; नवविवाहित युवक की मौत, दूसरा गंभीर ⁕
  • ⁕ विदर्भ सहित राज्य के 247 नगर परिषदों और 147 नगर पंचायतों में अध्यक्ष पद का आरक्षण घोषित, देखें किस सीट पर किस वर्ग का होगा अध्यक्ष ⁕
  • ⁕ अमरावती में युवा कांग्रेस का ‘आई लव आंबेडकर’ अभियान, भूषण गवई पर हमले के खिलाफ विरोध प्रदर्शन ⁕
  • ⁕ Gondia: कुंभारटोली निवासियों ने विभिन्न मुद्दों को लेकर नगर परिषद पर बोला हमला, ‘एक नारी सबसे भारी’ के नारों से गूंज उठा आमगांव शहर ⁕
Gondia

पूर्व विधायक सेहषराम कोरोटे ने नाना पटोले पर बोला हमला, कहा - जहां नाना वहां कभी नहीं जाना


गोंदिया: आमगांव विधानसभा क्षेत्र के पूर्व कांग्रेस विधायक सेहषराम कोरोटे कांग्रेस छोड़कर उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की मौजूदगी में शिवसेना शिंदे गुट में शामिल हो गए हैं। इस दौरान उन्होंने 2024 के विधानसभा चुनाव का ठीकरा मौजूदा प्रदेश अध्यक्ष नाना पटोले पर फोड़ा है। 

उन्होंने कहा कि 2024 के विधानसभा चुनाव में महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष नाना पटोले ने पूरे महाराष्ट्र में कांग्रेस पार्टी को खत्म करने का काम किया। उन्होंने एक नारा दिया था कि “जहां नाना वहीं जाना” लेकिन अब पूरे महाराष्ट्र कांग्रेस में दूसरा नारा चल रहा है कि “जहां नाना वहां कभी नहीं जाना।” कोरोटे ने कहा कि ऐसा इसलिए क्योंकि नाना पटोले चॉकलेटी बॉय नेता हैं। वे केवल चॉकलेट परोसते हैं।

आमगांव विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक सेहषराम कोरोटे ने कहा, “मैं ही महाराष्ट्र का मुख्यमंत्री बनने वाला हूं यह सोचकर साकोली में मुख्यमंत्री का एक बड़ा बंगला बनाया गया। अब कहां गए मुख्यमंत्री? मुख्यमंत्री भी नहीं रहे और जनता ने भी नकार दिया। बैलेट से 208 वोटों से निर्वाचित हुए।