logo_banner
Breaking
  • ⁕ किसानों के खेतों की मेड़ पर पहुंचे डिप्टी CM एकनाथ शिंदे, सोयाबीन फसल के नुकसान का लिया जायजा ⁕
  • ⁕ "भाजपा में जाने से पहले शिवसेना में शामिल होने वाले थे राहुल बोंद्रे", विधायक संजय गायकवाड़ का बड़ा दावा ⁕
  • ⁕ सांसद बैजयंत पांडा बने महाराष्ट्र भाजपा के नए प्रभारी; कमलजीत सहरावत, अमित मालवीय और सदानंद शेट तानावडे सह-प्रभारी नियुक्त ⁕
  • ⁕ अकाल पर विजय वडेट्टीवार का महायुति सरकार पर हमला, बोले- ‘केंद्र की राह मत देखो, किसानों के लिए खोलो सरकारी खजाना’ ⁕
  • ⁕ मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने सूखाग्रस्त इलाको का किया दौरा, कहा- 1972 से भी ज्यादा भयानक अकाल; किसानो को सीधी सहायता देने एक किया ऐलान ⁕
  • ⁕ राहुल बोंद्रे पर विधायक श्वेता महाले का बड़ा बयान, बोलीं- ‘मेंटली डिस्टर्ब’ हैं; राहुल गांधी के फोन पर भी उठाए सवाल ⁕
  • ⁕ Nagpur: बच्चों के विवाद में खूनी झड़प, लोहे की रॉड से हमला; इलाज के दौरान युवक की मौत ⁕
  • ⁕ Chandrapur: सीटीपीएस केबल चोरी मामले में बडे अधिकारी का नाम आया सामने, ऑडियो क्लिप से हुआ खुलासा ⁕
  • ⁕ Nagpur: शराब को लेकर पति-पत्नी में हुआ विवाद, महिला की जान गई; पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार ⁕
  • ⁕ Nagpur: पिता की डांट से नाराज 12 साल का बच्चा घर से हुआ गायब, लकड़गंज पुलिस ने रेलवे स्टेशन परिसर से किया सुरक्षित रेस्क्यू ⁕
Wardha

Wardha: वर्धा में बम विस्फोट में एक व्यक्ति की मौत


वर्धा: जिले के देवली तहसील से आ रही एक बड़ी खबर के अनुसार यहां के सोनेगांव आबाजी के सीआईडी ​​कैंप क्षेत्र में एक्सपायर हुए बम ध्वस्त करने का काम शुरू है. जब यह काम चल रहा था तभी बम का पीतल इकट्ठा करने गए एक शख्स की बम फटने से मौत हो गई. मृतक की पहचान सोनेगांव के योगेश केशव नेहरकर के रूप में हुई है. 

 

जानकारी के अनुसार, केंद्रीय संरक्षण मंत्रालय पुलगाव के दारू गोला भंडार में पुराने एक्सपायर बम डिस्पोज करने का काम शुरू है डिस्पोज बम के धातू के तुकडे उठाते वक्त योगेश केशवराव नेहरकर (26) किसान मजदूर की मौत हो गई है. मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए वर्धा जिला सामान्य अस्पताल भेज दिया गया है. 

 

यहां एक्सपायर बम डिस्पोस करने का काम बीते कुछ दिनों से शुरू है. देवली तहसील के सोनेगांव आबाजी के केळापूर जामनी के कामगार किसान मजदूर इस काम के लिए जाते हैं. बम डिस्पोज करने के लिए एक बडा गड्ढा किया जाता है और उस गड्डे मे बम को रख कर विस्फोट कर दिया जाता है. ऐसे वह एक्सपायर बारूद भरा गोला डिस्पोस  हो जाता है. 

 

विस्फोट होने के बाद पीतल के तुकडे डिस्पोज एरिया के बहार गिरते हैं जिसमें जस्त, लोहा, पितल और अन्य स्वरूप के धातू होते हैं. इन धातुओं की बाजार में अच्छी कीमत मिलती है इसलिए स्थानीय कामगार उन्हें उठाने के लिए तैयार रहते हैं. इसी के चलते ऐसी घटनाएं होती रहती हैं और कई लोग अपनी जान गंवा बैठते हैं.