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आधार, भूमि सीडिंग और ई-केवाईसी के कारण जिले में करीब 94 हजार किसान सम्मान-महासम्मान योजना से वंचित


अमरावती: किसानों को वित्तीय सहायता प्रदान करके उन्हें सशक्त बनाने के लिए केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा कई योजनाएं शुरू की गई हैं। इनमें से एक है किसान सम्मान एवं महासम्मान योजना। यह योजना 2023 में शुरू की गई थी और दो साल बाद भी 93,382 किसान दोनों योजनाओं से वंचित हैं। 

किसानों ने आवेदन तो किया लेकिन बाद में कोई रुचि नहीं दिखाई और दूसरी ओर, अधिकारियों ने भी उन्हें प्रोत्साहित नहीं किया। परिणामस्वरूप, आधार सीडिंग, भूमि सीडिंग और ईकेवाईसी की कमी के कारण किसान लाभ से वंचित रह जाते हैं। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत किसानों के खातों में सालाना 6,000 रुपये जमा किए जाते हैं, जबकि राज्य सरकार द्वारा नमो शेतकारी महासम्मान निधि योजना के तहत किसानों के खातों में सालाना 6,000 रुपये जमा किए जाते हैं। 

साल 2023 में लांच की गई इस योजना के लिए जिले से तीन लाख 70 हजार 24 किसानों ने आवेदन किया था। इनमें से दो लाख 76 हजार 182 किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना और नमो शेतकारी महासंघ के माध्यम से योजना का लाभ दिया जा रहा है। हालांकि, 8,189 किसानों ने ई-केवाईसी नहीं कराया है, जबकि 5,131 किसानों ने अपना आधार कार्ड सत्यापित नहीं कराया है। वहीं, लैंड सीडिंग नहीं होने से 2,790 लोग इस योजना का लाभ नहीं उठा सकते। 

अन्य किसानों ने इस योजना के लिए आवेदन किया, लेकिन प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ी। एक ओर जहां किसानों ने इस योजना पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी, वहीं दूसरी ओर अधिकारियों ने भी किसानों को इस योजना में शामिल नहीं किया। परिणामस्वरूप दो वर्ष बाद भी 93,382 किसान वंचित हैं।