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Bhandara

Bhandara: मुआवजा को लेकर टंकी पर चढ़ा किसान, स्टॉम्प पेपर पर लिखकर देने के बाद उतरा 


भंडारा: जिले के लखनदुर तहसील से एक बेहद हैरान करने वाली घटना सामने आई है ,जहां मुआवजा को लेकर एक किसान पानी की टंकी पर चढ़ गया और खुद पर मिटटी का तेल डाल कर आत्महत्या करने की धमकी देने लगा। काफी मिन्नतों के बाद भी किसान निचे नहीं उतारा। आखिर में प्रशासन में 1000 के स्टाम्प पेपर पर लिखकर दिया, तब जाकर किसान निचे उतरा। आंदोलन कर रहे किसान का का नाम प्रकाश नाकतोडे है। 

मिली जानकारी के अनुसार, लखनदुर तहसील में  आन्दोलनकर्ता प्रकाश नागटोडे की सास के नाम पर खेती है। पिछले दिनों कृषि भूमि के बीच से प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत पक्की सड़क का निर्माण किया गया। इसके लिए न किसान की भूमि अधिग्रहित की गई और न ही कोई प्रक्रिया पूरी की गई। वहीं सबसे महत्वपूर्ण किसान को कोई मुआवजा भी नहीं दिया गया। 

किसान बार-बार प्रशासन से भूमि अधिग्रहण के मुआवजे की गुहार लगा रहा था। वहीं लगातार   प्रशासन द्वारा उसकी उपेक्षा करने और मांग पर ध्यान नहीं देने के चलते गुरुवार सुबह पानी टंकी पर चढ़कर विरोध जताया। किसान के पानी की टंकी पर चढ़ने की घटना का पता चलते प्रशासन तुरंत मौके पर पहुंच गया। 

इसी बीच जब यह देखा गया कि प्रशासनिक अधिकारी मांगें नहीं मान रहे हैं तो प्रदर्शनकारी नकटोडे ने दोपहर में खुद पर मिट्टी का तेल डालकर आत्मदाह करने का प्रयास किया, जिससे पुलिस अधिकारी और प्रशासनिक अधिकारी सकते में आगए। आनन्का-फानन में प्रशासन ने आंदोलन कर रहे किसान की साड़ी मांग मानते हुए 1000 रुपये के स्टाम्प पेपर में लिखकर वादा किया तब जाकर किसान ने अपना आंदोलन बंद किया और टंकी से निचे उतरा। 

नहीं मिला मुआवजा तो फिर करूँगा आंदोलन 

वहीं निचे उतरने पर आंदोलनकारी किसान ने कहा कि, "पिछले तीन साल से जिला परिषद् और प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के अधिकारी एक दूसरे के सर पर टोपी घुमा रहे थे।