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Amravati

Amravati: 52 हजार किसानों को वितरित किया गया 757 करोड़ रुपये का खरीफ फसल ऋण


अमरावती: अग्रणी बैंकों के जरिए अमरावती जिले के लिए खरीफ सीज़न में कृषि ऋण वितरण का बड़ा लक्ष्य तय किया गया है। जिले के 52,184 किसानों को कुल 757.12 करोड़ रुपये के कृषि ऋण दिए जा चुके हैं। अब तक के ऋण वितरण में जिला मध्यवर्ती सहकारी बैंक सबसे आगे रही है। हालांकि आंकड़ों से पता चलता है कि 11 राष्ट्रीयकृत और 7 वाणिज्यिक बैंक ऋण वितरण में पीछे हैं।

जिले के कुल 1,88,600 किसानों को 1,650 करोड़ रुपये के कृषि ऋण वितरण का लक्ष्य रखा गया है। जिले में 11 राष्ट्रीयकृत बैंक, 7 वाणिज्यिक बैंक, ग्रामीण बैंक और जिला मध्यवर्ती सहकारी बैंक के माध्यम से 1 अप्रैल से कृषि ऋण वितरण शुरू किया गया। खरीफ मौसम की तैयारी चल रही है इसलिए किसानों को समय पर आर्थिक मदद मिले, इसके लिए बैंकों ने प्रक्रियाओं को तेज किया है। 

अब तक जिले के 52,184 किसानों को कुल 757.12 करोड़ रुपये के कृषि ऋण दिए जा चुके हैं, जो कुल लक्ष्य का लगभग 46 प्रतिशत है। इसमें राष्ट्रीयकृत बैंकों ने 9 हजार जिला बैंकों को बांटा है, लेकिन पालक मंत्री ने बैंकों को चेतावनी दी थी कि जिले के पात्र किसानों को समय पर ऋण वितरण करें। यदि अनियमितता पाई गई तो बैंकों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। समय पर काम नहीं हुआ तो किसानों को भी शिकायत दर्ज कराने के निर्देश दिए जा सकते हैं। इसके अलावा बैंकों के पानी, बिजली और सड़क संबंधी लाभ बंद किए जाने की भी चेतावनी दी गई थी। यह निर्देश पालक मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने जिला खरीफ सीजन बैठक में दिए थे।

953 किसानों को 150 करोड़ रुपये से अधिक ऋण वितरित किए गए हैं। उनकी प्रगति लगभग 20 प्रतिशत है। ग्रामीण बैंकों ने 547 किसानों को लगभग 7 करोड़ रुपये के ऋण दिए हैं। इस बीच, जिला मध्यवर्ती सहकारी बैंक ने कृषि ऋण वितरण में सबसे बढ़त बनाई है।इस बैंक के जरिए कुल 41,684 किसानों को 595.56 करोड़ रुपये के ऋण दिए गए हैं, और लक्ष्य पूर्ति का प्रतिशत लगभग 76 प्रतिशत पहुँच गया है। इसलिए जिला मध्यवर्ती बैंक की कार्यप्रणाली की प्रशंसा हो रही है। खरीफ सीज़न की पृष्ठभूमि में यदि किसानों को समय पर आर्थिक सहयोग मिलेगा तो बीज, उर्वरक और खेत के काम आसान होंगे। आने वाले कुछ दिनों में शेष किसानों को भी ऋण देने के लिए राष्ट्रीयकृत और निजी बैंकों को आगे आना जरूरी है।