logo_banner
Breaking
  • ⁕ केंद्र सरकार ने पुलिस मैडल पुरस्कार का किया ऐलान, माहुरकर, पोटे और बाराभाई को उत्कृष्ट कार्य के लिए मिला मेडल ⁕
  • ⁕ नागपुर शिवसेना (UBT) में बड़ा फेरबदल; नितिन तिवारी की छुट्टी, किशोर कुमेरिया बने महानगर प्रमुख ⁕
  • ⁕ "छत्रपति के भक्तों का खून आज भी रगों में दौड़ रहा है, आपकी सात पीढ़ियां भी महाराष्ट्र को हरा-भरा नहीं बना सकतीं", AIMIM नेता इम्तियाज जलील पर नवनीत राणा का पलटवार ⁕
  • ⁕ Akola: रेलवे स्टेशन पर बड़ा हादसा टला, ब्रिज से कूदने की तैयारी कर रहे युवक की रेलवे पुलिस ने बचाई जान ⁕
  • ⁕ Gondia: तिरोड़ा स्थित एचपी गैस एजेंसी में लगी भीषण आग; पूरा कार्यालय जलकर हुआ ख़ाक, लाखों का नुकसान ⁕
  • ⁕ चंद्रपुर मनपा में सत्ता विवाद का पटाक्षेप: धानोरकर-वडेट्टीवार में समझौता ⁕
  • ⁕ राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले का संजय राऊत पर तीखा प्रहार, कहा - 2047 तक तक न देखें छठे माले पर बैठने का सपना ⁕
  • ⁕ चांदी के भाव में उछाल का दौर जारी; नागपुर सराफा बाजार में 2,53,500 प्रति किलो पर पहुंची चांदी ⁕
  • ⁕ Bhandara: लाखोरी गांव के पास घूम रहे तीन भालू, इलाके में डर का माहौल ⁕
  • ⁕ Nagpur: नकली एमडी बिक्री विवाद में युवक पर जान लेवा हमला, चाकू मार कर किया गंभीर रूप से घायल ⁕
Nagpur

बुटीबोरी में लगेगा 25 हजार करोड़ का लिथियम आयन बैटरी मैन्युफैक्चरिंग प्लांट, जेएसडब्लू ने राज्य सरकार से मांगी 600 एकड़ जमीन


नागपुर: विदर्भ सहित नागपुर जिले में उद्योगों से संबंधित बड़ी खबर सामने आई है। सज्जन जिंदल की अगुवाई वाली जेएसडब्लू ने राज्य सरकार से बुटीबोरी एमआईडीसी में 550 से 600 एकड़ जमीन की मांग की है। कंपनी यहाँ 25 हजार करोड़ की लागत से लिथियम आयोन बैटरी और सीपीवी निर्माण प्लांट की स्थापना करेगी। कंपनी ने एमआईडीसी के अतिरिक्त औद्योगिक क्षेत्र में जमीन की मांग की है। इस प्लांट के स्थापना से 5000 लोगों को रोजगार मिलेगा। 

ज्ञात हो कि, जुलाई महीने में महाराष्ट्र की कैबिनेट उप-समिति की बैठक हुई थी। तत्कालीन मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की अगुवाई में हुई बैठक में राज्य के अंदर 81 हजार करोड़ के निवेश के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई थी। जिसमें नागपुर में लिथियम आयोन बैटरी निर्माण प्लांट स्थापित करने की मंजूरी भी शामिल थी। 

दो दिसंबर को सरकार ने दिया था ऑफर लेटर 

राज्य में निवेश की मंजूरी मिलने के बाद सरकार और कंपनी के बीच लगातार बैठक हो रही थी। नवम्बर महीने के पहले हफ्ते में सरकार और कंपनी के बीच बैठक हुई थी। जिसके पश्चात दो दिसंबर को सरकार ने कंपनी को ऑफर लेटर दिया था। जिसमें सरकार ने बुटीबोरी के अतिरिक्त आद्योगिक स्टेट में 450 एकड़ जमीन देने की बात कही।

इन सुविधाओं के साथ मांगी जमीन 

सरकार से मिले प्रस्ताव के पास कंपनी ने अपना प्रस्ताव भेजा। उद्योग और खनन विभाग के प्रमुख सचिव को लिखे पत्र में कंपनी ने बुटबोरी के अतिरिक्त उद्योगिक क्षेत्र में  550-600 एकड़ भूमि की मांग की। इसी के साथ आवंटित होने वाली जमीन पर सुविधाओं की मांग भी की। जिसमें बिजली, पानी की आपूर्ति उपलब्ध रहने, भूमि पर किसी बह तरह का विवाद नहीं होना शामिल है।