बाघ शिकार मामला: वन विभाग ने छह संदिग्धों को किया गिरफ्तार, सभी अंग बरामद
गडचिरोली: चटगांव वन रेंज के अमिरजा बिटात परिक्षेत्र में बाघ शिकार मामले में वन विभाग ने छह संदिग्धों को गिरफ्तार किया है। गोपनीय आधार पर वन विभाग ने यह कार्रवाई की है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्रमोद मनोहर मडावी (29), सुनील केशव उसेंडी (28), दिलीप ऋषि उसेंडी (28), प्रकाश दयाराम हलामी (42), चेतन सुधाकर आलम (25) और नीलेश्वर शिवराम होली सभी मारेगांव टेली निवासी के रूप में हुई है।
ज्ञात हो कि, 24 अक्टूबर को चटगांव वन रेंज के अमिरजा बिटात परिक्षेत्र में बाघ का शव मिला था। बिजली का झटका देकर शिकार किया गया था। आरोपियों ने बाघ का सिर, पंजे काटकर ले गए थे। घटना की जानकारी मिलते ही वन विभाग मौके पर पहुंची। बाघ के शव का पंचनामा करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
बिजली से शिकार कर की बात सामने आने पर वन विभाग ने अपनी करवाई शुरू कर दी। गुरुवार को वन विभाग को गुप्त जानकारी मिली कि, बाघ शिकार मामले के आरोपी वारदात को अंजाम देने के बाद छिपे हुए हैं। वन विभाग ने जल बिछाया और सभी आरोपियों को पकड़ लिया। गिरफ्तार करने के बाद आरोपियों से पूछताछ की गई, जिसमें आरोपियों ने बाघ का शिकार करने की बात कबूल कर ली।
बाघ के अंग किये बरामद
वन विभाग द्वारा गिरफ्तार किये गये सभी आरोपियों के पास से मृत बाघ के पंजे, पंजे, दांत और शिकार में प्रयुक्त कुल्हाड़ी, सुरा जैसे औजार भी बरामद किये गये हैं। इस मामले की जांच चल रही है और कितने और शिकारियों को पुलिस ने शिकार बनाया है इसका भी खुलासा किया जा रहा है।
admin
News Admin