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Nagpur

Nagpur: मानूसन आने के बाद रात भर बरसे बादल, नागरिकों को उमस से मिली राहत; कई इलाको में दिखा जल जमाव


नागपुर: नागपुर में लंबे इंतजार के बाद आखिरकार मानसून की जोरदार एंट्री हो गई। बुधवार की रात शहर में मूसलाधार बारिश हुई, जो देर रात तक रुक-रुक कर जारी रही। इस बारिश से जहां एक ओर लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिली, वहीं दूसरी ओर शहर के कई इलाकों में जलजमाव की स्थिति उत्पन्न हो गई। सड़कों पर पानी भरने के कारण यातायात प्रभावित हुआ और नागरिकों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा।

शहर के सतरंजीपुरा, इमामवाड़ा, नेहरू नगर, गंजीपेठ, लकड़गंज, धारमपेठ और लक्ष्मीनगर जैसे इलाकों में जलभराव की तस्वीरें सामने आई हैं। बारिश के बाद इन इलाकों की सड़कें जलाशय जैसी नजर आईं। विशेषकर निचले इलाकों में पानी घरों तक पहुंच गया, जिससे निवासियों को काफी परेशानी हुई।

उमस से राहत, पर चिंता भी
बारिश से पहले पिछले कई दिनों से नागपुर में भीषण गर्मी और उमस का माहौल था। अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था और हवा में नमी के कारण नागरिक परेशान थे। बुधवार रात की तेज बारिश ने मौसम को सुहाना बना दिया। गुरुवार की सुबह तापमान में गिरावट दर्ज की गई और हवाओं में ठंडक घुल गई। नागरिकों ने राहत की सांस ली, लेकिन जलभराव की स्थिति ने प्रशासन की तैयारियों की पोल खोल दी।

प्रशासनिक तैयारी सवालों के घेरे में

हर साल की तरह इस बार भी मानसून से पहले मनपा ने नालों की सफाई और जल निकासी की पूरी तैयारी के दावे किए थे। मनपा ने दावा किया था कि, शहर के सभी 227 छोटे और बड़े नालों की सफाई पूरी हो गई है। लेकिन बुधवार रात की बारिश ने उन दावों की सच्चाई सामने ला दी। कई जगहों पर नालियां ओवरफ्लो हो गईं और सड़कों पर पानी भर गया। लोग सवाल उठा रहे हैं कि जब यह पहली तेज बारिश ही शहर को परेशान कर गई, तो आगे और भारी बारिश में क्या होगा?