logo_banner
Breaking
  • ⁕ नागपुर स्नातक सीट के लिए भाजपा ने जारी किया घोषणापत्र, युवाओं और रोजगार पर विशेष फोकस ⁕
  • ⁕ महाराष्ट्र सरकार में फेरबदल की अटकलों पर प्रतापराव जाधव का बयान, बोले- एकनाथ शिंदे नाराज़ नहीं ⁕
  • ⁕ चुनाव आते ही उर्दू स्कूलों की याद क्यों? किरण सरनाईक पर यशोमती ठाकुर का निशाना ⁕
  • ⁕ शिक्षकों का चुनाव प्रचार में इस्तेमाल हुआ तो रद्द होगी संस्था की मान्यता! चंद्रशेखर बावनकुले की चेतावनी ⁕
  • ⁕ अनिल बोंडे का बागी उम्मीदवार डॉ. संगीता शिंदे को आशीर्वाद, महायुति में बढ़ी कलह ⁕
  • ⁕ Akola: काटेपूर्णा और मोर्णा बांध से मिलेगा 24.03 दलघमी पानी, शहर की जलापूर्ति को राहत ⁕
  • ⁕ Chandrapur: पति के सामने बाघ ने महिला पर किया हमला, खेत में काम करते समय दर्दनाक मौत..! ⁕
  • ⁕ Buldhana: 'हमें भीख नहीं, मदद चाहिए', बुलढाणा में किसान संघ ने कद्दू और चॉकलेट देकर सरकार के खिलाफ निकाला गुस्सा.. ⁕
  • ⁕ Nagpur: ड्यूटी पूरी कर घर पहुंचे ASI रविंद्र कोकांडे की अचानक बिगड़ी तबीयत, इलाज के दौरान मौत ⁕
Maharashtra

शरद पवार ने अजित गुट पर ईडी के डर से भाजपा के साथ जाने का लगाया आरोप, दिलीप वलसे पाटिल ने किया पलटवार


पुणे: महारष्ट्र की राजनीति में आये दिन कोई न कोई घटनाक्रम हो रहा है। वहीं जब से अजित पवार ने अपने समर्थको के साथ शिंदे-फडणवीस सरकार में शामिल हुई है, अब से राज्य की राजनीति में वार-पलटवार का दौर शुरू है।  रविवार को शरद पवार ने बगावत करने वाले विधायकों पर हमला बोलते हुए कहा कि, ईडी के डर से सभी भाजपा के साथ गए हैं। पवार के इस वार पर कभी उनके ख़ास रहे और सभी सरकार में मंत्री दिलीप वलसे पाटिल ने पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि, जल्द ही राज्य में नया भूचाल आने वाला है।

रविवार को अपने विधानसभा क्षेत्र आंबेगाव में आयोजित एक सभा को बोलते हुए कहा कि, “में हमेशा बताया गया है कि पवार साहब देश के सबसे बड़े नेता हैं लेकिन दूसरी तरफ उनके नेतृत्व में पार्टी कभी महाराष्ट्र में अपने दम पर सत्ता नहीं हासिल कर सकी है। उन्होंने आगे कहा, ”कई राज्यों में क्षेत्रीय पार्टियों ने अपनी जगह बनाकर अपने दम पर सरकार बनाई है, इनमें मायावती और ममता बनर्जी की पार्टियां शामिल हैं।" पाटिल ने तंज कस्ते हुए कहा, “इतने बड़े नेता होने के बावजूद हमने अभी तक केवल 60 से 70 सीट ही जीत पाए हैं।”

हम भी एनसीपी के विधायक 

भाजपा के साथ जाने पर बोलते हुए मंत्री ने कहा, “हमने भाजपा के साथ गठबंधन किया है, न की पार्टी का विलय हम एनसीपी के ही विधायक और रहेंगे। वहीँ चुनाव चिन्ह और पार्टी पर अधिकार पर बोलते हुए उन्होने कहा, ”पार्टी किसकी है इसका फैसला छुङाव आयोग करेगा, लेकिन यह तय है जब भी इसका फैसला आएगा राज्य में बड़ा राजनीतिक तूफ़ान आएगा।"