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Water Crisis: मार्च महीने में ही पश्चिम विदर्भ में गहराने लगा जल संकट, अप्पर वर्धा बांध में 57 तो खडकपूर्णा बांध में महज 34 पानी बचा


अमरावती: पश्चिम  विदर्भ में जलाशयों का जलस्तर तेजी से घटता जा रहा है, जिससे आने वाले गर्मियों में पानी की कमी की आशंका बढ़ गई है। क्षेत्र के प्रमुख जल प्रकल्पों में पानी का भंडार लगातार कम हो रहा है, जिससे प्रशासन और नागरिकों की चिंता बढ़ने लगी है।

पश्चिम विदर्भ में कुल 288 जल प्रकल्प हैं, जिनमें 9 बड़े, 7 मध्यम और 272 लघु प्रकल्प शामिल हैं। इन जलाशयों में पानी का स्तर धीरे-धीरे कम होता जा रहा है। क्षेत्र के महत्वपूर्ण माने जाने वाले अप्पर वर्धा बांध में इस समय केवल 57 प्रतिशत जलसाठा ही शेष है। वहीं बुलढाणा जिले के खडकपूर्णा प्रकल्प में सबसे कम पानी दर्ज किया गया है, जहां फिलहाल मात्र 34 प्रतिशत जलसाठा बचा है।

जलाशयों में पानी का स्तर तेजी से घटने के कारण आने वाले गर्मियों में पश्चिम विदर्भ के कई इलाकों में पानी की किल्लत की संभावना जताई जा रही है। हालांकि प्रशासन का कहना है कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर पानी की आपूर्ति बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।