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Nagpur

नागपुर की महिला कारगिल से लापता, पीओके पार कर पाकिस्तान में पकड़े जाने का संदेह


नागपुर: नागपुर की एक महिला सुनीता जामगडे  के कारगिल से लापता होने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। सुनीता के पाक अधिकृत कश्मीर (पीओके) की सीमा पार करने और वहां पाकिस्तानी सेना द्वारा हिरासत में लिए जाने की आशंका जताई जा रही है। यह जानकारी खुफिया और सुरक्षा एजेंसियों को प्राप्त हुई है।

सुनीता नागपुर के कपिल नगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले संत कबीर नगर की निवासी है। पहले वह एक निजी अस्पताल में नर्स के तौर पर कार्यरत थी। सूत्रों के मुताबिक, पाकिस्तान के एक धर्मगुरु से उसकी ऑनलाइन पहचान हुई थी और इसके बाद वह उससे मिलने के प्रयास कर रही थी।

बताया जा रहा है कि सुनीता ने अमृतसर के अटारी बॉर्डर से पाकिस्तान में घुसने की दो बार कोशिश की थी, लेकिन सुरक्षा एजेंसियों ने उसे रोककर वापस भेज दिया था। 14 मई को सुनीता अपने 12 वर्षीय बेटे के साथ कश्मीर गई और कारगिल बॉर्डर के अंतिम गांव हुंदरमान तक पहुंची। वहां उसने बेटे को यह कहकर छोड़ दिया कि वह थोड़ी देर में वापस आएगी, लेकिन फिर लौटकर नहीं आई।

स्थानीय लोगों को जब बच्चा अकेला मिला, तो उन्होंने उसे लद्दाख पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस की प्राथमिक जांच में सामने आया है कि सुनीता की मानसिक स्थिति पूरी तरह सामान्य नहीं थी, और उसका नागपुर के एक सरकारी अस्पताल में इलाज भी चल रहा है। 

फिलहाल इस मामले की जांच केंद्र और राज्य की सुरक्षा एजेंसियों द्वारा गंभीरता से की जा रही है। सुनीता ने वाकई पीओके पार किया है या नहीं, इस पर अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन मामला बेहद संवेदनशील माना जा रहा है। वहीं कपिल नगर पुलिस ने छोटे बच्चों को नागपुर वापस लाने के लिए परिवार वालों से संपर्क किया है और शीघ्र ही परिवार के लोग उसे घर वापस लाने के लिए लद्दाख जाने वाले हैं।