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Nagpur

Nagpur Violence: 50 आरोपी, कुल चार एफआईआर दर्ज, छह लोगों पर देशद्रोह का मामला


नागपुर: उपराजधानी नागपुर में सोमवार रात 17 मार्च को हुई हिंसा (Nagpur Violence) के मामले में साइबर पुलिस ने हिंसा का महिमामंडन कर वीडियो डालने और उसे बढ़ावा देने वाले 50 लोगों को आरोपी बनाया है। पुलिस उपायुक्त जोन 1 लोहित मतानी ने जानकारी दी है कि इन सभी पर कुल चार एफआईआर दर्ज की गई है और इनमें से छह लोगों पर देशद्रोह (National Security Act) के तहत मामला दर्ज किया गया है। डीसीपी ने बताया कि इस मामले में अभी और भी आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। मतानी ने कहा कि हिंसा और उसके बाद सोशल मीडिया पर भड़काऊ वीडियो डालने और वायरल करने वालों पर कार्रवाई शुरू है।

नागपुर में सोमवार रात हुई हिंसा मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। जांच में सामने आया है कि हिंसा में शामिल आरोपी शहर के अन्य  क्षेत्रों से वहां पर एकत्रित हुए थे। इस मामले में फहीम खान समेत 6 लोगों पर देशद्रोह का केस दर्ज किया गया है।

नागपुर हिंसा को लेकर पुलिस लगातार जांच कर रही है। इस बीच सायबर पुलिस के डीसीपी लोहित मतानी ने बताया कि हिंसा भड़काने के लिए सोशल मीडिया का इस्तेमाल किया गया। कई आपत्तिजनक पोस्ट और वीडियो शेयर किए गए, जिनमें हिंसा को भड़काने वाली सामग्री थी।

पुलिस के मुताबिक, हिंसा भड़काने के लिए फेसबुक और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर जिहादी और आतंकवादी सोच से जुड़े कंटेंट पोस्ट किए गए। यही नहीं, विश्व हिंदू परिषद के आंदोलन के वीडियो से छेड़छाड़ कर उसे गलत तरीके से फैलाया गया।

सोशल मीडिया पर 50% पोस्ट ब्लॉक

पुलिस यह भी जांच कर रही है कि इस हिंसा के पीछे किसी अंतरराष्ट्रीय संगठन का हाथ है या नहीं। क्या इसमें बांग्लादेश कनेक्शन है? इस पर पुलिस जल्द खुलासा कर सकती है। फिलहाल, नागपुर पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। आगे की कार्रवाई क्या होगी? क्या एनआईए और एटीएस इस जांच में शामिल होगी? इस पर केंद्र और राज्य सरकार का फैसला अहम रहेगा।