logo_banner
Breaking
  • ⁕ 1 अगस्त से एसटी में रियायत के लिए स्मार्ट कार्ड अनिवार्य, राज्यभर में 51 लाख यात्रियों ने कराया पंजीकरण ⁕
  • ⁕ Nagpur: धर्मांतरण के दबाव और शोषण का आरोप, दो आरोपी गिरफ्तार, एक फरार ⁕
  • ⁕ Bhandara: वरठी में दीये की बत्ती से लकड़ी के पुराने घर में लगी आग; जान का नुकसान नहीं, घर में रखा सामान जला ⁕
  • ⁕ Yavatmal: वणी में एमडी ड्रग्स की बिक्री, क्राइम ब्रांच ने दो को किया गिरफ्तार ⁕
  • ⁕ बढ़ता जा रहा मानसून का इंताजर, उमस और गर्मी से नागरिक परेशान; विदर्भ में तापमान फिर 44 डिग्री के पार ⁕
  • ⁕ अमरावती में भारी हंगामा: किरीट सोमैया की गाड़ी के आगे लेटे MIM कार्यकर्ता, पुलिस ने बल प्रयोग कर हटाया ⁕
  • ⁕ खड़ी निजी बस में लगी आग, टेकड़ी रोड के एमपी बस स्टैंड की घटना; परिसर में मचा हड़कंप ⁕
  • ⁕ विदर्भ सहित राज्य के 247 नगर परिषदों और 147 नगर पंचायतों में अध्यक्ष पद का आरक्षण घोषित, देखें किस सीट पर किस वर्ग का होगा अध्यक्ष ⁕
  • ⁕ अमरावती में युवा कांग्रेस का ‘आई लव आंबेडकर’ अभियान, भूषण गवई पर हमले के खिलाफ विरोध प्रदर्शन ⁕
  • ⁕ Gondia: कुंभारटोली निवासियों ने विभिन्न मुद्दों को लेकर नगर परिषद पर बोला हमला, ‘एक नारी सबसे भारी’ के नारों से गूंज उठा आमगांव शहर ⁕
Nagpur

पाकिस्तानी पादरी के प्यार में पड़ी सुनीता जामगड़े, बेटे को कारगिल में छोड़ गई पाकिस्तान


नागपुर: नागपुर निवासी 43 वर्षीय सुनीता जांगड़े को पाकिस्तानी रेंजर्स ने अमृतसर में अटारी सीमा पर बीएसएफ को सौंप दिया। नागपुर की यह महिला एक पाकिस्तानी पादरी के प्यार में पड़ गई और 14 मई 2025 को कारगिल के हुंदरमन गांव से नियंत्रण रेखा पार कर पाकिस्तान चली गई।

यहां से वह गिलगित- बाल्टिस्तान क्षेत्र पहुंची। प्राप्त जानकारी के अनुसार सुनीता अपने 14 वर्षीय बेटे के साथ छुट्टियां मनाने लद्दाख गई थीं। इसी दौरान वह अचानक गायब हो गई। उसने अपना बच्चा होटल में छोड़ दिया था।

जांच के दौरान पता चला कि सुनीता दो पाकिस्तानी नागरिकों से बात कर रही थी। उनमें से एक पादरी था और दूसरा जुल्फिकार नाम का युवक था।

उसके फोन रिकॉर्ड, सोशल मीडिया गतिविधियों और ऐप्स से पता चला कि उसने पहले भी दो बार अटारी- वाघा सीमा के माध्यम से पाकिस्तान में प्रवेश करने की कोशिश की थी। लेकिन सुरक्षा एजेंसियों ने उसे रोक लिया.

स्थानीय मदद भी अपेक्षित

सूत्रों के अनुसार यह महिला कारगिल के एक सीमावर्ती गांव से पाकिस्तान गई थी। यह गांव अंतर्राष्ट्रीय सीमा से कुछ किलोमीटर दूर है। जांच एजेंसियों को संदेह है कि कुछ स्थानीय लोगों ने भी महिला को सीमा पार कराने में मदद की। पुलिस इस संबंध में उससे पूछताछ कर रही है।

जांच में जुटी भारतीय एजेंसियां

पाकिस्तानी एजेंसियों ने गिलगित- बाल्टिस्तान में घुसपैठ करने के बाद महिला को हिरासत में लिया और उससे पूछताछ की। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए दोनों देशों के बीच संपर्क स्थापित किया गया। पाकिस्तानी अधिकारियों ने महिला को "भटककर आई भारतीय नागरिक" बताया तथा मानवीय आधार पर उसे भारत वापस भेज दिया।

शुक्रवार को अटारी सीमा पर उसे बीएसएफ को सौंप दिया गया। सुनीता फिलहाल अमृतसर ग्रामीण के घरिंडा पुलिस थाने की हिरासत में है। वहीं उसे नागपुर लाने के लिए नागपुर पुलिस की एक टीम भी अमृतसर पहुंच गई है।