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Nagpur

Nagpur Crime Rate: शहर नहीं रहा सुरक्षित! 2023 में 76 लोगों की हत्या, 247 के साथ बलात्कार


नागपुर: देश का सबसे सुरक्षित शहर में से एक गिना जाने वाला नागपुर अब असुरक्षित होता जा रहा है। ऑरेंज सिटी के नाम से मशहूर शहर धीरे धीरे क्राइम सिटी बनते जा रहा है। पुलिस विभाग शहर में क्राइम कम करने के लाख दावे करें, लेकिन हकीकत कुछ और ही नजर आ रही है। बीते एक साल में नागपुर जिले के अंदर 76 लोगों की हत्या हुई है। 2022 के मुकबले 2023 में 11 मामले ज्यादा हैं। वहीं बलात्कार के मामलों ने भी डराया। 

शहर के क्राइम स्थिति को लेकर हर साल नागपुर पुलिस द्वारा आंकड़ा जारी किया जाता है। इस वर्ष जारी आकड़ों के अनुसार, शहर में एक जनवरी 2023 से 30 नवंबर 2023 के बीच 73 लोगों की हत्या हुई है। वहीं दिसंबर महीने में तीन लोगों को मौत के घाट उतारा गया। जिसके अनुसार एक साल में 76 लोगों की जान गई। वहीं इस दौरान 110 लोगों के खिलाफ जान लेवा हमला हुआ। 

बीते साल से 11 मामले ज्यादा 

2022 में जिले में 65 हत्या की घटना हुई थी। वहीं 2023 में 76 हत्या हुई है। यानी पिछले साल के मुकबले 11 मामले ज्यादा। एक तरफ हत्या की घटना बढ़ी है। वहीं दूसरी तरफ जानलेवा हमले की घटना भी बढ़ी है। 2022 में जहां अटेम्प्ट टू मर्डर के 102 घटना हुई थी, वहीँ इस वर्ष आठ मामले बढ़कर  110 घटना हुई।  

बलात्कार के 247 मामले दर्ज 

एक तरफ जहाँ हत्या के मामलों में बढ़ोतरी हुई है। वहीं दूसरी तरफ महिलाओं से जुड़े हुए अपराधों में भी वृद्धि हुई है। 2023 के 11 महीनो में जिले के अंदर बलात्कार के 247, छेड़छाड़ के 474 केस दर्ज हुए। वहीं 2022 में इसी समय इन अपराधों की संख्या क्रमशः 250 और 460 थी।  इसी के साथ इस वर्ष 479 लोग गायब या उनका अपहरण हुआ। जिनमें महिलाओं और बच्चियों की संख्या ज्यादा है। 

अधिकांश थानों में थाना प्रभारी नहीं 

शहर के वह थाने जहाँ अपराध की सख्या ज्यादा है। वह पर थाना अध्यक्ष ही नहीं, पीएसआई को थाना इंचार्ज के तौर पर काम करना पड़ता है। पीआई पदों के खाली रहने का मुख्या कारण अधिकारीयों का उन थानों में तैनाती से कतराना। जिले के बाहर से आने वाले अधिकारी शहर के उन थानों तैनाती से कतराते हैं। अगर किसी की नियुक्ति भी हो जाती है, तो वह कोई न कोई कारण बताकर अपना तबादला कही अन्य जगहों पर कर लेते है। इससे जहाँ अन्य अधिकारीयो पर काम का भार बढ़ता है, वहीं दूसरी तरफ कानून व्यवस्था से  समझौता होता है। 

2022 से 2023 के बीच जिले में हुए अपराधों की संख्या 

क्रमांकअपराध 2022 (जनवरी से नवंबर)2023 (जनवरी से नवंबर)
1हत्या 6576 (दिसंबर महीने की तीन हत्या भी शामिल )
2हत्या का प्रयास 102110
3बलात्कार 250247
4छेडछाड़ 460474
5चोरी 167221
6धोखाधड़ी 492617
7डकैती 815
8अपहरण 460474
9अन्य चोरी 24172624