logo_banner
Breaking
  • ⁕ नागपुर स्नातक सीट के लिए भाजपा ने जारी किया घोषणापत्र, युवाओं और रोजगार पर विशेष फोकस ⁕
  • ⁕ महाराष्ट्र सरकार में फेरबदल की अटकलों पर प्रतापराव जाधव का बयान, बोले- एकनाथ शिंदे नाराज़ नहीं ⁕
  • ⁕ चुनाव आते ही उर्दू स्कूलों की याद क्यों? किरण सरनाईक पर यशोमती ठाकुर का निशाना ⁕
  • ⁕ शिक्षकों का चुनाव प्रचार में इस्तेमाल हुआ तो रद्द होगी संस्था की मान्यता! चंद्रशेखर बावनकुले की चेतावनी ⁕
  • ⁕ अनिल बोंडे का बागी उम्मीदवार डॉ. संगीता शिंदे को आशीर्वाद, महायुति में बढ़ी कलह ⁕
  • ⁕ Akola: काटेपूर्णा और मोर्णा बांध से मिलेगा 24.03 दलघमी पानी, शहर की जलापूर्ति को राहत ⁕
  • ⁕ Chandrapur: पति के सामने बाघ ने महिला पर किया हमला, खेत में काम करते समय दर्दनाक मौत..! ⁕
  • ⁕ Buldhana: 'हमें भीख नहीं, मदद चाहिए', बुलढाणा में किसान संघ ने कद्दू और चॉकलेट देकर सरकार के खिलाफ निकाला गुस्सा.. ⁕
  • ⁕ Nagpur: ड्यूटी पूरी कर घर पहुंचे ASI रविंद्र कोकांडे की अचानक बिगड़ी तबीयत, इलाज के दौरान मौत ⁕
Maharashtra

एनसीपी ने भाजपा पर लगाया फिल्म सिटी बाहर भेजने का आरोप, योगी आदित्यनाथ ने दिया अपने अंदाज में जवाब 


मुंबई: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ उत्तर प्रदेश बिज़नेस समिट को लेकर महाराष्ट्र दौरे पर हैं। अपने इस दौरे के दौरान वह लगातार देश के विभिन्न उद्योगपतियों से मुलाकात कर रहे हैं। इस दौरान योगी ने भारतीय हिंदी फिल्म इंडस्ट्री के बड़े निर्माता और निर्देशकों से मुलाकात की है। योगी आदित्यनाथ के मुंबई दौरे पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी नेता जितेंद्र आव्हाड ने हमला बोला। एनसीपी नेता ने भाजपा पर अन्य उद्योगों की तरह फिल्म सिटी को भी मुंबई से बाहर भेजने का आरोप लगाया है। आव्हाड के इस आरोप पर योगी ने अपने ही अंदाज में जवाब दिया है। 

योगी आदित्यनाथ ने कहा, “मुंबई मुंबई है। यह अर्थव्यवस्था की भूमि है। यह देश की आर्थिक राजधानी है। यूपी भारत की धार्मिक भूमि है। उत्तर प्रदेश देश की धार्मिक राजधानी है। फिल्मसिटी को मुंबई से लेने का हमारा कोई इरादा नहीं है। योगी आदित्यनाथ ने साफ तौर पर कहा कि हम उत्तर प्रदेश में अपनी फिल्म सिटी बनाने जा रहे हैं।”

ज्ञात हो कि, योगी के मुंबई दौर को लेकर एनसीपी नेता जितेंद्र ने प्रतिक्रिया दी थी। उन्होंने कहा था कि, "आदित्यनाथ आए या गए इससे कोई फर्क नहीं पड़ता। मुंबई की शान अलग है। मुंबई मराठी लोगों की है। गोरखपुर को मुंबई बनने में हजारों साल लगेंगे। मुंबई में फिल्म उद्योग के लिए वातावरण है। वह वातावरण कहां से आएगा?