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किसानों के मुद्दों पर नहीं हो रही चर्चा, किसान नेता तुपकर बोले- सरकार गंभीर नहीं


नागपुर: स्वाभिमानी के नेता रविकांत तुपकर ने कहा है कि सरकार किसानों के मुद्दों को लेकर गंभीर नहीं है क्योंकि शीतकालीन सत्र में सोयाबीन और कपास की कीमतें गिर गईं और धान पर चर्चा नहीं हुई। कपास और तुअर की गिरती कीमतों को लेकर तुपकर नागपुर पहुंचे थे जहां पत्रकारों से बात कार्टर हुए उन्होंने यह बात कही।

इस दौरान तुपकार ने उप मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, वन मंत्री सुधीर मुनगंटीवार, कृषि मंत्री अब्दुल सत्तार से मुलाकात कर मांगों पर चर्चा की और किसानों की मांगों को नेताओं के समक्ष रखा।

तुपकर ने का, " सोयाबीन और कपास की कीमतें गिर रही हैं और सरकार कोई कार्रवाई नहीं कर रही है। सोयाबीन के भाव 5.5 हजार से ऊपर नहीं जा रहे और कपास के भाव 1.5 हजार से नीचे आ गए हैं। शीतकालीन सत्र के दौरान

तो फिर से होगा आंदोलन

उन्होंने कहा कि अधिवेशन में अनावश्यक विषयों पर चर्चा हो रही है। मुंबई में हुई बैठक में चर्चा को लेकर राज्य सरकार गंभीर नहीं है। फडणवीस से इस मुद्दे पर चर्चा की। शीतकालीन सत्र के बाद प्रतिनिधिमंडल केंद्रीय नेताओं से मुलाकात करेंगे।"

उन्होंने कहा, "नागपुर में अधिवेशन में सोयाबीन, कपास और धान उत्पादकों की मांगों पर कोई गंभीर चर्चा नहीं हुई। व्यक्तिगत आलोचना, महाभियोग पर बहस, सदन बंद। इसी को लेकर उन्होंने चेतावनी दी कि अगर किसानों को न्याय नहीं मिला तो वे दूसरा आंदोलन शुरू करेंगे।