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Maharashtra

भाजपा के साथ जाने को लेकर अजित पवार ने कही बड़ी बात, स्वीकारा मेरे और विधायकों पर था दवाब


कोल्हापुर: एनसीपी (NCP) पार्टी में फूट के बाद अब पार्टी में दो गुट बन गए हैं। इन दोनों गुटों के नेता लगातार एक दूसरे की आलोचना कर रहे हैं। जहां भी पार्टी अध्यक्ष शरद पवार (Sharad Pawar) बैठकें कर रहे हैं और अजित पवार के गुट की आलोचना कर रहे हैं, वहां अजित पवार के गुट की ओर से भी बैठकें आयोजित की जा रही हैं। शरद पवार ने हाल ही में बीड और कोल्हापुर में बैठकें कीं। इन सार्वजनिक बैठकों में शरद पवार ने अजित पवार (Ajit Pawar) और अन्य बागी नेताओं की जमकर आलोचना की। इसके बाद अजित पवार के गुट ने बीड में बैठक की। अब शरद पवार की कोल्हापुर में हुई बैठक का जवाब देने के लिए अजित पवार गुट ने आज कोल्हापुर में बैठक की।

कोल्हापुर में एक बैठक में उपमुख्यमंत्री अजीत पवार ने कहा, दोस्तों, आप सोच रहे होंगे कि अजीत पवार और अन्य लोगों ने ऐसा निर्णय क्यों लिया। कुछ लोग कहते हैं कि हम दबाव में थे, दबाव में होने के कारण हमारी आलोचना की गई। बेशक हम दबाव में थे, लेकिन मैं बस इतना कहना चाहता हूं कि हम पर लोगों का काम करवाने का दबाव था।

उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने कहा, हम ढाई साल तक सरकार में काम करते हुए जनता के लिए कई काम किए थे। हम पर काम पूरा करने का दबाव था। विधायकों के काम पर रोक थी, हम पर रोक हटाने का दबाव था। हमने क्या गलत किया कि हम इसके लिए सरकार में शामिल हुए? इसके अलावा हमारे ऊपर कोई और दबाव नहीं था।'

अजित पवार ने कहा, हम किसी दबाव में भीख मांगने वाले लोग नहीं हैं। हम भी मराठों के वंशज हैं, किसानों की संतान हैं। हमें तरह-तरह से बदनाम किया जा रहा है। लेकिन, इसमें कोई सच्चाई नहीं है। मैं बस इतना कहना चाहता हूं कि एनसीपी फुले, शाहू अंबेडकर के विचारों पर चलने वाली पार्टी है और हम उसी रास्ते पर चल रहे हैं।