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Nagpur

Assembly Expansion: भूमि अधिग्रहण फिर अटका, एन कुमार ने प्रशासन के प्रस्ताव को बताया नकाफी; सम्पति की दोबारा मूल्यांकन करने की मांग


नागपुर: विधानमंडल विस्तार का मामला एक बार फिर अटक गया है। विधानसभा के सामने मौजूद बिल्डिंग के मालिक एन कुमार ने भेजे अपने जवाब में भूमि अधिग्रहण के लिए प्रशासन द्वारा तय की गई कीमत को कम बताया है। इसी के साथ सम्पति की दोबारा मूल्यांकन की मांग की है। 

राज्य सरकार ने सिविल लाइंस स्थित विधानमंडल के विस्तार करने के लिए योजना बनाई है। इसके तहत 500 सदस्यों की बैठक क्षमता वाला नया विधानसभा का निर्माण किया जाएगा। इसी के साथ अधिकारियों और कर्मचारियों के बैठने के लिए भी कार्यालय का निर्माण प्रस्तावित है। नए विधानसभा के लिए मौजूदा विधानमंडल के आस -पास की संपत्ति का अधिग्रहण किया जाना है। जिसमें सरकारी सहित निजी भूमि भी शामिल है।

विधानसभा के विस्तार को देखते हुए सामने मौजूद बिल्डिंग का अधिग्रहण किया जाना है। हालांकि, भूमि की लागत को लेकर मामला अटका हुआ है। पिछले दिनों प्रशासन ने भूमि के मालिक  एन कुमार को नोटिस जारी कर जवाब देने का आदेश दिया था। नोटिस पर कुमार ने आठ दिन का समय माँगा था। सोमवार को कुमार ने अपना जवाब दाखिल किया। जिसमें उन्होंने प्रशासन द्वारा अधिग्रहण के लिए लगाई कीमत 74 करोड़ को नाकाफी बताया।

अपने जवाब में कुमार ने सम्पति की कीमत 140 करोड़ होने का दावा किया और नए सिरे से भूमि का मूल्यांकन करने की मांग की। एन कुमार की इस मांग से एक बार फिर सम्पति अधिग्रहण का काम रुक गया है। जिससे नए विधानसभा निर्माण का काम अटक गया है। वहीं अब देखना होगा की सरकार इसपर क्या निर्णय लेती है।