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Nagpur

मुख्यमंत्री फडणवीस ने हिन्दी पढ़ाने का किया समर्थन, कहा -संवाद की भाषा के तौर पर लोग सीखें


नागपुर: मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस (Devendra Fadnavis) ने नई शिक्षा नीति (New Education Police) और इसके तहत अनिवार्य हिंदी (Hindi) पढ़ाये जाने का पुरजोर समर्थन किया है। मुख्यमंत्री ने कहा, "महाराष्ट्र में हर किसी को मराठी भाषा आनी चाहिए। लेकिन देश के भीतर संचार चैनल बनाने के लिए हिंदी भाषा का विकल्प रखा गया है। मुख्यमंत्री ने लोगों से संवाद की भाषा के रूप में हिंदी सिखने का आवाहन किया है। 

महाराष्ट्र ने हाल ही में पहली कक्षा से ही हिंदी सीखना अनिवार्य कर दिया है। 'राज्य स्कूल पाठ्यक्रम रूपरेखा 2024' के अनुसार, मराठी और अंग्रेजी माध्यम के स्कूलों में कक्षा 1 से 5 तक के छात्रों को मराठी और अंग्रेजी के साथ-साथ हिंदी भी तीसरी भाषा के रूप में सीखनी होगी। अन्य माध्यमों के स्कूलों में कक्षा 1 से 5 तक के लिए 3 भाषाएं - माध्यम भाषा, मराठी और अंग्रेजी - होंगी। यह निर्णय जून में शुरू होने वाले नए शैक्षणिक वर्ष से लागू किया जाएगा। लेकिन अब मनसे समेत मराठी भाषा के लिए लड़ने वाले संगठनों ने इस पर कड़ी आपत्ति जताई है। इस पृष्ठभूमि में, देवेंद्र फडणवीस ने इस नीति का समर्थन किया है।

संवाद के लिए हिंदी सीखें: फडणवीस

देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि, "हमने नई शिक्षा नीति पहले ही लागू कर दी है। इसलिए इस मामले में कोई नया निर्णय नहीं लिया गया है। महाराष्ट्र में हर किसी को मराठी भाषा आनी चाहिए। यह हमारा आग्रह है. लेकिन इस देश में संपर्क बनाने के लिए हिंदी एक विकल्प है। इसलिए, हम लोगों को यह भाषा भी सीखने के लिए प्रेरित करने का प्रयास कर रहे हैं।"

उन्होंने आगे कहा, "अगर कोई अंग्रेजी सीखना चाहता है, तो वह अंग्रेजी सीख सकता है। यदि आप कोई अन्य भाषा सीखना चाहते हैं तो इसमें कोई रोक नहीं है। लेकिन हर किसी को मराठी आनी चाहिए। साथ ही हमारे देश की अन्य भाषाओं को भी इसमें शामिल किया जाना चाहिए। केंद्र ने इस पर विचार किया है। केंद्र का मानना ​​है कि हमारे देश में संचार की एक भाषा होनी चाहिए। यह प्रयास इसी उद्देश्य से किया गया है।"

उल्लेखनीय है कि राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) ने दो राज्य पाठ्यक्रम योजनाएं तैयार की हैं, अर्थात् आधार स्तर और स्कूल स्तर। स्कूल शिक्षा मंत्री की अध्यक्षता वाली संचालन समिति ने इन दोनों योजनाओं को मंजूरी दे दी है।