logo_banner
Breaking
  • ⁕ SAI का भव्य खेल संकुल गया वापस, मनपा वापस लेगी 90 एकड़ आवंटित भूमि; निजी संस्था 500 करोड़ खर्च कर विकसित करेगी सुविधाएं ⁕
  • ⁕ किसानों को बड़ी राहत, 24 से 27 सिंतबर के दरमियान विदर्भ में जमकर बरसेंगे बादल ⁕
  • ⁕ Buldhana: सूखे पर महायुति में विवाद! दिलीपकुमार सानंदा ने सरकार के रवैये पर उठाए सवाल, बोले- “अजितदादा होते तो कभी का घोषित हो गया होता” ⁕
  • ⁕ बुलढाणा में कांग्रेस को बड़ा झटका, पूर्व विधायक राहुल बोंद्रे ने भाजपा में जाने का किया ऐलान ⁕
  • ⁕ Nagpur: तेज रफ़्तार एसटी ने दोपहिया को मारी टक्कर, बुजुर्ग की मौत ⁕
  • ⁕ श्वेता महल्ले और संजय गायकवाड़ के बीच जुबानी जंग तेज; भाजपा विधायक के बाप वाले जश्न पर शिवसेना नेता का पलटवार, कहा- समय पर बताऊंगा कौन है असली बाप? ⁕
  • ⁕ Nagpur: मल्टीलेयर साउंड सिस्टम, प्लाज्मा और प्रेशर मिड पर रोक; पुलिस आयुक्त की 60 दिन की अधिसूचना ⁕
  • ⁕ Nagpur: डांस क्लास जाने की बात पर पति-पत्नी में हुआ विवाद, दो बच्चों के सामने पति ने पत्नी के गले और पेट पर किए वार ⁕
  • ⁕ Nagpur: शराब को लेकर पति-पत्नी में हुआ विवाद, महिला की जान गई; पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार ⁕
  • ⁕ Nagpur: 8 साल की बच्ची से कोच ने की छेड़खानी, पुलिस ने आरोपी कोच को किया गिरफ्तार ⁕
Nagpur

ठाकरे ब्रांड को न जनता पसंद कर रही न मतदाता, सुधीर मुनगंटीवार ने उद्धव ठाकरे के साक्षात्कार पर कसा तंज


नागपुर: वरिष्ठ भाजपा नेता और विधायक सुधीर मुनगंटीवार (Sudhir Mungantiwar) ने आरोप लगाया है कि उद्धव ठाकरे (Uddhav Thackeray) का 'सामना' को दिया गया साक्षात्कार पूरी तरह से सुनियोजित और पूर्वनियोजित था। उन्होंने आलोचना करते हुए कहा कि, "यह साक्षात्कार एक घर-घर संवाद है, जहाँ प्रश्न पहले से तय होते हैं और केवल अपनी प्रशंसा करने का प्रयास किया जाता है।

सुधीर मुनगंटीवार ने आगे कहा कि वर्तमान में ठाकरे ब्रांड न तो जनता को पसंद आ रहा है और न ही मतदाताओं को। उन्होंने उद्धव ठाकरे के नेतृत्व पर प्रश्नचिह्न खड़ा किया है। इस साक्षात्कार में केवल दूसरों की आलोचना और गाली-गलौज है, महाराष्ट्र की प्रगति के बारे में कोई ठोस विचार नहीं है।

ठाकरे का इंटरव्यू घर-घर साक्षात्कार

सुधीर मुनगंटीवार ने कहा कि, "यह संजय राउत द्वारा लिया गया उद्धव ठाकरे का घर-घर साक्षात्कार है। लोगों को ऐसे साक्षात्कार पसंद नहीं आते जहाँ आत्म-प्रशंसा और लोगों की गाली-गलौज पसंद न की जाए। लोगों को इस साक्षात्कार में कोई दिलचस्पी नहीं है। अगर कुछ नया ज्ञान प्राप्त करना है, तो लोग उस साक्षात्कार को पसंद करते हैं। महाराष्ट्र की प्रगति के कुछ बीज बोए जा रहे हैं, कुछ वैचारिक नवाचार हमें समझ में आ रहे हैं।

दावे पर यकीन मत करो

सुधीर मुनगंटीवार ने कहा कि, "राजनीति दिशा ले रही है, राजनीति में वफ़ादार कैसे रहा जाए। अगर कांग्रेस जैसी पार्टियों ने देश को जो नुकसान पहुँचाया है, उसके लिए कांग्रेस से कैसे दूर रहा जाए, जैसी बातें हैं, तो मैं इंटरव्यू देखना चाहता हूँ। कोसने वाला इंटरव्यू कैसा है? मुनगंटीवार ने यही सवाल पूछा है। संजय राउत ने पहले भी उद्धव ठाकरे का इंटरव्यू लिया था, जब उन्होंने उन्हें प्रधानमंत्री पद तक पहुँचाया था। मुझे लगता है कि उनके दावे पर यकीन नहीं करना चाहिए।"

हार से हताश ठाकरे कर रहे आलोचना

सुधीर मुनगंटीवार ने कहा कि, "उद्धव ठाकरे चुनाव आयोग की आलोचना इसलिए कर रहे हैं क्योंकि वह बार-बार हार रहे हैं। अगर उद्धव ठाकरे के इंटरव्यू में महाराष्ट्र के विकास पर कोई विचार, कोई नया नज़रिया होता, तो हम उसे सम्मान के साथ सुनते। हालाँकि, यह इंटरव्यू सिर्फ़ कोसने और अपनी तारीफ़ करने तक सीमित रहा।"

मुनगंटीवार ने कहा कि अगर उद्धव ठाकरे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमित शाह से मुख्यमंत्री पद के लिए अनुरोध किया होता, तो आज तस्वीर कुछ और होती। अगर बिहार में नीतीश कुमार मुख्यमंत्री बन सकते थे, तो ठाकरे भी बन सकते थे। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि आज ठाकरे समूह गुजरात, केंद्र सरकार और मोदी-शाह की आलोचना करके खुश हो रहा है।