logo_banner
Breaking
  • ⁕ नागपुर स्नातक सीट के लिए भाजपा ने जारी किया घोषणापत्र, युवाओं और रोजगार पर विशेष फोकस ⁕
  • ⁕ महाराष्ट्र सरकार में फेरबदल की अटकलों पर प्रतापराव जाधव का बयान, बोले- एकनाथ शिंदे नाराज़ नहीं ⁕
  • ⁕ चुनाव आते ही उर्दू स्कूलों की याद क्यों? किरण सरनाईक पर यशोमती ठाकुर का निशाना ⁕
  • ⁕ शिक्षकों का चुनाव प्रचार में इस्तेमाल हुआ तो रद्द होगी संस्था की मान्यता! चंद्रशेखर बावनकुले की चेतावनी ⁕
  • ⁕ अनिल बोंडे का बागी उम्मीदवार डॉ. संगीता शिंदे को आशीर्वाद, महायुति में बढ़ी कलह ⁕
  • ⁕ Akola: काटेपूर्णा और मोर्णा बांध से मिलेगा 24.03 दलघमी पानी, शहर की जलापूर्ति को राहत ⁕
  • ⁕ Chandrapur: पति के सामने बाघ ने महिला पर किया हमला, खेत में काम करते समय दर्दनाक मौत..! ⁕
  • ⁕ Buldhana: 'हमें भीख नहीं, मदद चाहिए', बुलढाणा में किसान संघ ने कद्दू और चॉकलेट देकर सरकार के खिलाफ निकाला गुस्सा.. ⁕
  • ⁕ Nagpur: ड्यूटी पूरी कर घर पहुंचे ASI रविंद्र कोकांडे की अचानक बिगड़ी तबीयत, इलाज के दौरान मौत ⁕
Buldhana

पटोले मेरे लिए पिता समान, एक बार नहीं 10 बार धोऊंगा; कांग्रेस अध्यक्ष के पैर धोने वाले विजय गुरव की दो टूक


बुलढाणा: कार्यकर्ता द्वारा पैर धुलवाने वाले वीडियो वायरल होने के बाद नाना पटोले को विरोधियों ने घेर लिया है। भाजपा सहित तमाम पार्टियों के नेता पटोले की आलोचना कर रहे हैं। एनसीपी (अजितदादा पवार गुट) के अमोल मिटकारी ने पटोले पर हमला बोलते हुए इस्तीफे की मांग तक कर डाली है। विवाद बढ़ने पर पटोले के पैर धोने वाले  विजय गुरव सामने आये। उन्होंने कहा कि, "कांग्रेस नेता पटोले उनके आदर्श हैं। उन्हें अपना पिता सामान मानते हैं।" इसी के साथ गुरव ने यह भी कहा कि, "वह एक बार नहीं बल्कि दस बार उनके पैर धोएंगे।"

गुरव ने यूसीएन से बात करते हुए कहा कि, "कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष नाना पटोले अकोला जिले के वाडेगांव में एक निर्धारित कार्यक्रम थे, उसी समय शेगांव के श्री संत गजानन महाराज की पालकी वाडेगांव में ठहरी हुई थी। इसी बीच पटोले पालकी के दर्शन करने के लिए कीचड़ से होकर वहां पहुंचे और दर्शन के बाद लौटते समय उनके पैर कीचड़ से खराब हो गए थे। इसलिए मैं पानी लेकर आया और उनके पैरों पर पानी डालकर उनके पैर धोए। इसमें गलत क्या है? पटोले मेरे पिता समान हैं मेरे लिए सम्मानीय हैं, मैं  उनके पैरों पर एक बार नहीं बल्कि दस बार धोऊं, ये कोई राजनीति का विषय नहीं है।"  

कौन है विजय गुरव?
विजय गुरव बुलढाणा जिले के रहने वाले हैं। शेगांव तहसील के कालखेड के रहने वाले गुरुव एक सामाजिक कार्यकर्ता हैं। इसी के साथ वह नाना पटोले के कट्टर समर्थक हैं। पटोले को अपना आदर्श मानने वाले गुरव नाना पटोले की हर सभा और दौरे में मौजूद रहते हैं। पश्चिम विदर्भ में जहां भी आते हैं, वहां मौजूद रहते हैं।