मंत्रिमंडल से पत्ता कट होने की बात पर संजय राठोड ने दिया जवाब, कहा - मुझे बदनाम करने की विरोधियों की साजिश
यवतमाल: रविवार को नागपुर में मंत्री पद का शपथ ग्रहण होगा। वहीं, इन सब के बीच साल 2004 से पांच बार दिग्रस-दारव्हा निर्वाचन क्षेत्र से चुनकर आने वाले विधायक संजय राठोड को इस बार मंत्रिमंडल में शामिल नहीं किए जाने की ख़बरें चल रही हैं। इस पर राठोड ने कहा है कि यह विरोधियों के षड्यंत्र है कि मेरा मंत्रिमंडल में समावेश न हो।
राठोड ने कहा, “राजस्व, वन, खाद्य एवं औषधि प्रशासन तथा जल संरक्षण मंत्री के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान मैंने राज्य में महत्वपूर्ण निर्णय लिये तथा विकासात्मक कार्य किये हैं। यवतमाल और वाशिम जिले के पालक मंत्री के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान, दोनों जिलों के विकास कार्यों को पूरा करने के लिए सरकार से भारी धनराशि लाई है। लेकिन, मुझे मंत्रिमंडल में शामिल नहीं करने के लिए विपक्ष ने बदनाम करने की साजिश रची है।”
संजय राठोड ने कहा, “मीडिया में मेरे खिलाफ प्रगति पुस्तक में फेल होने, कैबिनेट से पत्ता कटने होने को लेकर खबरें आ रही हैं। इससे बहुत दुख होता है। बंजारा समाज के काशी तीर्थ स्थल पोहरादेवी और उमरी में 700 करोड़ से अधिक की धनराशि लाकर विकास कार्य शुरू कराए गए हैं। देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हाल ही में भव्य नांगड़ा वास्तु संग्रहालय, बंजारा विरासत के उद्घाटन समारोह में शामिल हुए। उस वक्त उन्होंने मेरे काम की सराहना की।”
विधायक ने कहा, “2021 में मेरे ऊपर आरोप लगे, तब मैंने खुद ही पद से इस्तीफा दे दिया। महाविकास अघाड़ी के दौरान हुई जांच में मुझे क्लीन चिट मिल गई। फिर 2022 में वो दोबारा कैबिनेट में मंत्री के तौर पर शामिल हुआ। मुझ पर कभी भी भ्रष्टाचार का आरोप नहीं लगा। मैंने अपने राजनीतिक जीवन में ईमानदारी से जनता के लिए काम किया है। इसलिए असफलता शब्द मेरे लिए अस्वीकार्य है। विपक्ष ने मीडिया की मदद से मेरे खिलाफ साजिश रची है।”
admin
News Admin