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Buldhana

डॉ हिम्मतराव बावस्कर की केंद्रीय मंत्री प्रतापराव जाधव ने की आलोचना, बावस्कर बोले - फाड़ दूंगा डिग्री...


बुलढाणा: पिछले दो महीने से बुलढाणा जिले के शेगांव तहसील के 18 गांवों के नागरिक बाल झड़ने से परेशान हैं. अभी तक शोध संस्थान आईसीएमआर की आधिकारिक रिपोर्ट नहीं आई है. इस बारे में जब पत्रकारों ने केंद्रीय मंत्री प्रतापराव जाधव से पूछा तो प्रतापराव जाधव ने वरिष्ठ शोधकर्ता पद्मश्री डॉ हिम्मतराव बावस्कर के शोध की आलोचना की.

इतना ही नहीं, उन्होंने कहा कि आईसीएमआर हमारी बावस्कर की तरह कोई प्राइवेट कंपनी नहीं है. पद्मश्री पुरस्कार विजेता की ऐसे एक शब्दों में आलोचना करने पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष हर्ष वर्धन सपकाल भड़क गए.

सपकाल ने कहा कि एक ओर जहां नागरिक बालों के झड़ने से परेशान हैं, वहीं पद्मश्री से सम्मानित एक वरिष्ठ शोधकर्ता ने शोध कर बताया है कि बालों के झड़ने का कारण सरकार द्वारा दिया जाने वाला भोजन है. लेकिन उनकी रिपोर्ट की आलोचना की.

सपकाल ने कहा कि नागरिक असमंजस में थे, कलेक्टर ने इन नागरिकों के लिए कोई व्यवस्था नहीं की. जिला कलक्टर ने बड़े पैमाने पर अनदेखी की. उन्होंने कहा, “अगर हिम्मतराव बावस्कर झूठे हैं तो जिला कलेक्टर इसे साबित करें, अगर यह साबित हो गया तो हिम्मतराव बावस्कर पद्मश्री पुरस्कार लौटा देंगे.

यह बात हर्षवर्द्धन सपकाल ने कलेक्टर को दोषी ठहराते हुए कहा कि कलेक्टर ने लोगों को सुविधाएं देने की बजाय नेताओं की बात सुनी और घटिया तरीके से धान्य सप्लाई कर लोगों की जान से खिलवाड़ किया.

कुल मिलाकर, जहां जिले में नागरिक बालों के झड़ने से चिंतित हैं, वहीं यह देखा जा रहा है कि मंत्री, नेता और शोधकर्ता बयानबाजी में व्यस्त हैं. लेकिन अभी तक आईसीएमआर की रिपोर्ट नहीं आने से जनता परेशान हो रही है.