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Yavatmal: चार दिन बंद रहेगी वणी कृषि उपज मंडी, किसानों में नाराज़गी; धान बेचें तो कहां बेचें?


यवतमाल/वणी: वणी कृषि उपज मंडी समिति द्वारा 4, 5, 8 और 9 जून को मंडी के सभी लेन-देन बंद रखने के फैसले से किसानों में भारी नाराज़गी देखी जा रही है। मंडी प्रशासन ने इस निर्णय के पीछे खराब और बादलों से घिरे मौसम का हवाला दिया है, लेकिन किसानों का कहना है कि इससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।

मंडी समिति के फैसले के कारण क्षेत्र के कई किसान अपनी उपज लेकर मंडी पहुंचे, लेकिन बाजार बंद होने की वजह से उन्हें धान वापस घर ले जाना पड़ा। किसानों का आरोप है कि मौसम का बहाना बनाकर व्यापार बंद किया गया, जबकि मौसम विभाग ने मुख्य रूप से 9 और 10 जून को बारिश और बादल छाए रहने की संभावना जताई थी।

ऐसे में 8 और 9 जून को भी मंडी बंद रखने के निर्णय पर किसान सवाल उठा रहे हैं। उनका कहना है कि बड़ी लागत लगाकर फसल मंडी तक पहुंचाई गई, लेकिन बिक्री नहीं होने से अतिरिक्त परिवहन खर्च और आर्थिक नुकसान झेलना पड़ रहा है।

किसानों के अनुसार, यदि मंडी प्रशासन को मौसम की चिंता थी तो वैकल्पिक व्यवस्था की जानी चाहिए थी। मंडी बंद होने से धान बिक्री पूरी तरह प्रभावित हो गई है और किसानों के सामने अपनी उपज बेचने का संकट खड़ा हो गया है।

वहीं मंडी समिति के इस फैसले को लेकर किसान संगठनों और स्थानीय किसानों ने प्रशासन से जवाब मांगा है। किसानों की मांग है कि मंडी बंद रखने के निर्णय पर स्पष्टता दी जाए और भविष्य में ऐसी स्थिति से बचने के लिए ठोस उपाय किए जाएं, ताकि किसानों को अनावश्यक परेशानी और आर्थिक नुकसान न उठाना पड़े।