logo_banner
Breaking
  • ⁕ केंद्र और महाराष्ट्र सरकार के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर, मुख्यमंत्री फडणवीस वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से हुए सहभागी ⁕
  • ⁕ गढ़चिरोली में 11 बड़े माओवादियों ने किया आत्मसमर्पण, माओवादिओं पर 68 लाख रुपये के थे इनाम ⁕
  • ⁕ Buldhana: कई हिस्सों में बेमौसम बारिश, तेज हवाओं के साथ कई जगह गिरे ओले, आम, केला, अंगूर के बागों को नुकसान ⁕
  • ⁕ Gadchiroli: अतिदुर्गम बंगाडी में केवल 24 घंटे में स्थापित किया गया नया पुलिस सहायता केंद्र ⁕
  • ⁕ सोलर ग्रुप ने पिनाका एक्सटेंडेड रेंज रॉकेट का किया पहला सफल परीक्षण, 45 किलोमीटर की मारक क्षमता वाले 24 रॉकेटों का परीक्षण ⁕
  • ⁕ Nagpur: एमआईडीसी में पिस्टल की नोक पर बार में लूट, कुख्यात अजीत सातपुते गैंग सहित 6 गिरफ्तार ⁕
  • ⁕ मराठी भाषा नहीं पढ़ना स्कूलों को पड़ेगा भारी, ऐसे स्कूलों की मान्यता होगी रद्द; मंत्री दादा भूसे का ऐलान ⁕
  • ⁕ Ramtek: नवरगांव स्थित टूरिस्ट ढ़ाबा के कुक की छह माह बाद मिली लाश, पुलिस ने ढ़ाबे के 4 कर्मचारियों को किया गिरफ्तार ⁕
  • ⁕ Wardha: आपूर्ति विभाग की बड़ी कार्रवाई, हजारों टन अवैध गेहूं-चावल जब्त, बजरंग दल की सतर्कता से गोदाम सील ⁕
  • ⁕ Amravati: वलगाव में खेत में किसान के साथ अज्ञात लोगों ने की मारपीट, डॉक्टरों की लापरवाही से किसान की मौत होने का आरोप ⁕
Wardha

Wardha: जंगली जानवरों के हमले से ग्रामीणों में गुस्सा, प्रशासन के खिलाफ नागपुर-अमरावती महामार्ग पर किया प्रदर्शन


वर्धा: जिले में जंगली जानवरों का इंसानो पर हमला लगातार जारी है। लगातार हो रहे इन हमलो को लेकर नागरिकों में गुस्सा है। इसी को लेकर गुरुवार को ग्रामीण सड़कों पर उतर आए। जिसके कारण नागपुर-अमरावती राजमार्ग पर लंबा जाम लग गया। करंजा (घाडगे) के पास हेतीकुंडी कांटे पर हुए इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में नागरिक शामिल हुए। सभी प्रदर्शनकारी कांग्रेस के पूर्व विधायक अमर काले के नेतृत्व में पहुंचे थे। करीब दो घंटे तक चले इस आक्रामक आंदोलन में अमरावती नागपुर हाईवे जाम हो गया और वाहनों की लंबी कतारें नजर आईं।

करंजा (घाडगे) तहसील में वन क्षेत्र से सटे कुछ गांवों में जंगली जानवरों के कारण भय और चिंता का माहौल है। आक्रोशित ग्रामीणों ने प्रशासन से जंगली जानवरों से होने वाले नुकसान को रोकने के उपाय किए जाने चाहिए, किसानों को सोलर फेंसिंग प्रदान की जानी चाहिए, कृषि को दिन में बिजली की आपूर्ति की जानी चाहिए ऐसी मांग की।

पीड़ितों परिवार का करें मदद 

करीब दो घंटे तक बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने सड़क जाम कर दिया। इस आंदोलन में बड़ी संख्या में किसानों और गांव के नागरिकों ने भाग लिया। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि निर्दोष नागरिकों की जान लेने वाले हिंसक जानवर के हमले में मारे गए व्यक्ति के परिवार के सदस्यों को 50 लाख रुपये दिए जाएं, और परिवार के एक सदस्य को नौकरी में रखा जाए।

बाघों के हमले से कई परिवार उजड़े

बोर अभयारण्य तालुक के वन क्षेत्र से सटा हुआ है, इस गांव के पास बाघ का आतंक फैल गया है। बाघों के हमले में अब तक कई लोगों की मौत हो चुकी है। जहां कुछ लोग घायल हो गए, जिससे कई लोगों की जान चली गई, कई किसानों के जानवर बाघों के हमले में मारे गए, जिसे वन विभाग ने विधिवत दर्ज किया। बाघों के बढ़ते हमले से नागरिक दहशत में हैं इसलिए मांग जोर पकड़ रही है कि इस घटना में मरने वाले परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए।