logo_banner
Breaking
  • ⁕ Shardiya Navratri 2026: नागपुर सहित विदर्भ में नवरात्रि की धूम, देवी मंदिरों में उमड़ी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ ⁕
  • ⁕ महाराष्ट्र में जल संकट के बीच सरकार का बड़ा फैसला, राज्य के सभी जलस्रोतों का पानी पीने के लिए किया आरक्षित ⁕
  • ⁕ संवैधनिक संस्थाओ के खिलाफ अविश्वास पैदा करना चाहता है विपक्ष, मुख्यमंत्री फडणवीस बोले- देश में वामपंथी शासन लाना चाहते हैं राहुल गांधी ⁕
  • ⁕ देऊळगांव राजा में दो गुटों में खूनी संघर्ष, नगरसेवक समेत दो की मौत; पुलिस स्टेशन के सामने हुआ बवाल ⁕
  • ⁕ मुख्यमंत्री फडणवीस और उपमुख्यमंत्री शिंदे में मतभेद! विजय वडेट्टीवार ने किया बड़ा दावा, मंत्री जायसवाल ने कांग्रेस नेता को दी सधी हुई सलाह ⁕
  • ⁕ Chandrapur: चंद्रपुर में बंद, खराब पुलिस चौकियों को मिलेगी नई ज़िंदगी! पुलिस प्रशासन का निर्णय ⁕
  • ⁕ Chandrapur: चंद्रपुर का राजा’ गणेश मंडल पर रामनगर पुलिस थाने में FIR ⁕
  • ⁕ Amravati: अमरावती में शिवसेना यूबीटी ने निकाला मार्च, कर्जमाफी सहित 1 लाख रुपये प्रति हेक्टेयर की मदद देने की मांग ⁕
  • ⁕ Yavatmal: वणी में भीषण सड़क हादसा, बाइक सवार 60 वर्षीय व्यक्ति की मौत ⁕
  • ⁕ Nagpur: ड्यूटी पूरी कर घर पहुंचे ASI रविंद्र कोकांडे की अचानक बिगड़ी तबीयत, इलाज के दौरान मौत ⁕
Nagpur

पांच सौ से अधिक कैदियों ने ‘वीडियो कॉल’ से साधा परिजनों से संवाद


नागपुर: राज्य भर की विभिन्न जेलों में बंद विदेशी कैदियों को उनके परिवारों से बातचीत करने के लिए 'वीडियो कॉलिंग' की सुविधा उपलब्ध कराई गई थी। पुणे जेल विभाग ने बताया कि अब तक राज्य में 500 से अधिक कैदियों ने इस सुविधा का लाभ उठाया है।

इटली, इंडोनेशिया, दक्षिण अफ्रीका, जर्मनी, इंग्लैंड, मलेशिया, श्रीलंका, नाइजीरिया, बांग्लादेश, केन्या, कोलंबिया, ईरान, इराक, ग्रीस, गिनी, घाना, ब्राजील, थाईलैंड, युगांडा, पाकिस्तान, नेपाल के कैदी देश भर की विभिन्न जेलों में बंद हैं। राज्य को दंडित किया जा रहा है।

देश भर के कैदियों को अपने रिश्तेदारों से मिलने या फोन पर बात करने की सुविधा थी। हालाँकि, एक बार जब किसी विदेशी कैदी को जेल में बंद कर दिया जाता है, तो रिश्तेदारों या परिवार से उसका संपर्क टूट जाता है। इससे उनमें नकारात्मकता पैदा होती है। इसका असर उनके व्यवहार में दिखता है।

इस मामले का संज्ञान लेते हुए पुलिस महानिदेशक अमिताभ गुप्ता ने पिछले जुलाई से विदेशी कैदियों के लिए यह सुविधा उपलब्ध करा दी है। अब तक 500 से अधिक परिवारों से संवाद किया।