logo_banner
Breaking
  • ⁕ नाना पटोले की भाजपा में होगी वापसी! विधायक परिणय फुके ने किया बड़ा दावा; चर्चाओं का बजार हुआ गर्म ⁕
  • ⁕ महाराष्ट्र में जल संकट के बीच सरकार का बड़ा फैसला, राज्य के सभी जलस्रोतों का पानी पीने के लिए किया आरक्षित ⁕
  • ⁕ संवैधनिक संस्थाओ के खिलाफ अविश्वास पैदा करना चाहता है विपक्ष, मुख्यमंत्री फडणवीस बोले- देश में वामपंथी शासन लाना चाहते हैं राहुल गांधी ⁕
  • ⁕ देऊळगांव राजा में दो गुटों में खूनी संघर्ष, नगरसेवक समेत दो की मौत; पुलिस स्टेशन के सामने हुआ बवाल ⁕
  • ⁕ मुख्यमंत्री फडणवीस और उपमुख्यमंत्री शिंदे में मतभेद! विजय वडेट्टीवार ने किया बड़ा दावा, मंत्री जायसवाल ने कांग्रेस नेता को दी सधी हुई सलाह ⁕
  • ⁕ त्योहारों पर नागपुर और न्यू अमरावती के यात्रियों को बड़ी राहत, मध्य रेलवे चलाएगा विशेष ट्रेनें ⁕
  • ⁕ Chandrapur: चंद्रपुर का राजा’ गणेश मंडल पर रामनगर पुलिस थाने में FIR ⁕
  • ⁕ Amravati: अमरावती में शिवसेना यूबीटी ने निकाला मार्च, कर्जमाफी सहित 1 लाख रुपये प्रति हेक्टेयर की मदद देने की मांग ⁕
  • ⁕ Yavatmal: वणी में भीषण सड़क हादसा, बाइक सवार 60 वर्षीय व्यक्ति की मौत ⁕
  • ⁕ Nagpur: ड्यूटी पूरी कर घर पहुंचे ASI रविंद्र कोकांडे की अचानक बिगड़ी तबीयत, इलाज के दौरान मौत ⁕
Nagpur

बाघ की खाल के साथ छह गिरफ्तार, नागपुर और पुणे कस्टम विभाग की संयुक्त कार्रवाई


नागपुर: तमाम कानूनों और प्रतिबंधों के बावजूद जंगली जानवरो के शिकार में कोई कमी नहीं आ रही है। शनिवार को नागपुर कस्टम विभाग ने पुणे कस्टम विभाग के साथ मिलकर बाघ की खाल की तस्करी करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया है। इस दौरान बाघ की खाल के साथ छह आरोपियों को भी गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों को जलगांव से गिरफ्तार किया गया है। यह कार्रवाई शुक्रवार को जलगांव में की गई। 

नागपुर कस्टम विभाग को गुप्त जानकारी मिली थी कि, छह लोग बाघ का की खाल लेकर उसे बेंचने निकले हैं। जानकारी के आधार पर नागपुर कस्टम विभाग ने इस बात की जानकारी पुणे कस्टम विभाग को सौंपी। दोनों टीमों ने संयुक्त अभियान चलाते हुए जलगांव से छह लोगों को हिरासत में लिया। वहीं तलाशी के दौरान आरोपियों के पास से बाघ की खाल भी बरामद हुई। 

पुलिस ने सभी आरोपियों पर वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम, 1972 के तहत मामला दर्ज किया है। मामले को आगे की कार्रवाई के लिए बाघ की खाल और छह आरोपियों के साथ महाराष्ट्र वन विभाग डीसीएफ, जलगांव के अधिकारियों को सौंप दिया गया।