logo_banner
Breaking
  • ⁕ सैंड इस्तेमाल को बढ़ावा देने राज्य में नई पॉलिसी लागू; राजस्वमंत्री बावनकुले ने की घोषणा, शर्तें तोड़ने पर लाइसेंस होगा रद्द ⁕
  • ⁕ लावणी पर थिरकी एनसीपी अजित पवार गुट! पार्टी कार्यालय के भीतर नाच-गाने पर बवाल, आलाकमान ने अध्यक्ष अहिरकर से माँगा स्पष्टीकरण ⁕
  • ⁕ Buldhana: कंस्ट्रक्शन वर्कर के नाम पर फर्जी प्रमाणपत्र बनाकर वसूली, दो ऑनलाइन सेंटरों पर छापा, लेबर विभाग की बड़ी कार्रवाई ⁕
  • ⁕ Saoner: सावनेर के चंपा शिवार में सड़ी-गली हालत में मिला शव, खापरखेड़ा से गुमशुदा व्यक्ति की हुई पहचान ⁕
  • ⁕ Buldhana: जिले में बेमौसम बारिश ने दी दस्तक, कटाई के सीजन में फसलों को भारी नुकसान का खतरा ⁕
  • ⁕ Chandrapur: केसला घाट इलाके में बाघ ने बाइक सवार पर किया हमला, लोगों में डर का माहौल ⁕
  • ⁕ Amravati: कमुंजा फाटा के पास तेज़ रफ़्तार बस ने बाइक को मारी टक्कर, हादसे में एक की मौत, एक गंभीर ⁕
  • ⁕ विदर्भ सहित राज्य के 247 नगर परिषदों और 147 नगर पंचायतों में अध्यक्ष पद का आरक्षण घोषित, देखें किस सीट पर किस वर्ग का होगा अध्यक्ष ⁕
  • ⁕ अमरावती में युवा कांग्रेस का ‘आई लव आंबेडकर’ अभियान, भूषण गवई पर हमले के खिलाफ विरोध प्रदर्शन ⁕
  • ⁕ Gondia: कुंभारटोली निवासियों ने विभिन्न मुद्दों को लेकर नगर परिषद पर बोला हमला, ‘एक नारी सबसे भारी’ के नारों से गूंज उठा आमगांव शहर ⁕
Nagpur

पारशिवनी में बाघ की दहशत: नागरिक प्रशासन से कर रहे सुरक्षा की मांग


नागपुर:  जिले के रामटेक और पारशिवनी तहसील के क्षेत्रों में 15 से 21 सितंबर तक बाघ की दहशत का माहौल बना रहा। इस दौरान, बाघ ने एक महिला, एक पुरुष और एक बैल का शिकार किया, जिससे इलाके में भय और चिंता का वातावरण उत्पन्न हो गया है। 

बाघ के वेकोलि गोंडेगांव क्षेत्र में आने के कारण रात्रि पाली में काम करने वाले कर्मचारियों में दहशत फैल गई है। इससे पहले जुनी कामठी गाडेघाट क्षेत्र में  बाघ का शव भी पाया गया था, जो इस बात का संकेत है कि क्षेत्र में बाघ की गतिविधियां तेजी से बढ़ रही हैं। 

स्थानीय निवासियों का कहना है कि वाघ की मौजूदगी से न केवल उनकी जान को खतरा है, बल्कि उनके जीवन यापन के साधनों पर भी इसका नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है। लोगों ने प्रशासन से उचित कदम उठाने की मांग की है ताकि उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। 

स्थानीय वन विभाग ने स्थिति का जायजा लिया है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। नागरिकों ने मांग की है कि प्रशासन को जल्द से जल्द इस समस्या का समाधान करना चाहिए और  को सुरक्षित स्थान पर स्थानांतरित करने के उपाय करने चाहिए। 

इस घटना ने क्षेत्र के निवासियों में चिंता और असुरक्षा की भावना को बढ़ा दिया है। स्थानीय संगठन भी प्रशासन के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं और सुरक्षा के लिए सख्त कदम उठाने की मांग कर रहे हैं।