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Nagpur

राज्य की जनता ने सबक सिखाया, फिर भी उद्धव ठाकरे सुधरे नहीं: चंद्रशेखर बावनकुले


मुंबई: कर्नाटक सरकार ने विधानसभा से स्वतंत्रता सेनानी सावरकर की तस्वीर हटाकर राहुल गांधी की भूमिका को मूर्त रूप दिया है। महानायक को हटाना यह अत्यंत निंदनीय कृत्य है। क्या इस मुद्दे पर उद्धव ठाकरे सो गये हैं? राज्य की जनता ने उन्हें सबक सिखाया फिर भी नहीं सुधरते? बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष चन्द्रशेखर बावनकुले ने यह प्रश्न पूछकर उद्धव ठाकरे की आलोचना की है।

बावनकुले ने कहा, “सरकार ने कर्नाटक विधानसभा से सावरकर की तस्वीर हटा दी है और स्वतंत्रता सेनानी सावरकर पर राहुल गांधी के रुख को मूर्त रूप दिया है। राहुल गांधी जब महाराष्ट्र आते हैं तो इसी तरह का विरोधी रुख अपनाते हैं। ये घिनौना कृत्य कर्नाटक सरकार ने किया है। 

बावनकुले ने आगे कहा, “बार-बार अपमानित होते-होते सो गए हैं उद्धव ठाकरे, उन्होंने कांग्रेस की निंदा क्यों नहीं की? उद्धव ठाकरे कांग्रेस से बाहर क्यों नहीं आ रहे? उबाठा को लोगों ने सबक सिखाया है। बाला साहेब ठाकरे की किसी भी भूमिका को उद्धव ठाकरे आगे नहीं बढ़ा रहे हैं। कम से कम उन्होंने मल्लिकार्जुन खड़गे, सोनिया गांधी या राहुल गांधी को एक साधारण पत्र लिखने की हिम्मत तक नहीं की।”