logo_banner
Breaking
  • ⁕ अमरावती में मेलघाट आंदोलन के पहले चरण को मिली सफलता, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के बाद आंदोलन स्थगित ⁕
  • ⁕ राज्यसभा के लिए महाराष्ट्र से सातों उम्मीदवारों का निर्विरोध चुनाव, नागपुर से उम्मीदवार माया इवनाते भी बनीं सांसद ⁕
  • ⁕ 16 मार्च को चंद्रपुर मनपा की स्थायी समिति अध्यक्ष पद चुनाव ; संख्या बल से रोचक होगा मुकाबला ⁕
  • ⁕ Yavatmal: विधायक राजू तोड़साम ने मारवाड़ी समुदाय के खिलाफ कहे अपशब्द, पुलिस अधीक्षक से की गई शिकायत ⁕
  • ⁕ Buldhana: पत्नी का हादसा नहीं, सुनियोजित हत्या; पति सहित चालक गिरफ्तार, पहले तीन बार जहर देकर मारने का भी किया प्रयास ⁕
  • ⁕ 9 मार्च से नई ऑटो रिक्शा व टैक्सी परमिट पर रोक, परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने दी जानकारी ⁕
  • ⁕ Nagpur: जरीपटका क्षेत्र में खेत के कमरे से महिला की लाश बरामद, अर्धनग्न और सड़ी-गली हालत में मिला शव ⁕
  • ⁕ Ramtek: नवरगांव स्थित टूरिस्ट ढ़ाबा के कुक की छह माह बाद मिली लाश, पुलिस ने ढ़ाबे के 4 कर्मचारियों को किया गिरफ्तार ⁕
  • ⁕ Wardha: आपूर्ति विभाग की बड़ी कार्रवाई, हजारों टन अवैध गेहूं-चावल जब्त, बजरंग दल की सतर्कता से गोदाम सील ⁕
  • ⁕ Amravati: वलगाव में खेत में किसान के साथ अज्ञात लोगों ने की मारपीट, डॉक्टरों की लापरवाही से किसान की मौत होने का आरोप ⁕
Nagpur

उबाठा नेता की हत्या मामले पर वडेट्टीवार का सरकार पर हमला, कहा- सीएम, डीसीएम ने राज्य को बनाया यूपी, बिहार


नागपुर: पूर्व शिवसेना नगरसेवक और नेता अभिषेक घोसालकर की हत्या को लेकर विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष विजय वडेट्टीवार ने राज्य सरकार पर हमला बोला है। नागपुर में पत्रकारों से बात करते हुए, "मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री ने राज्य की स्तिथि उत्तर प्रदेश और बिहार बनाकर रख दी है।" उन्होंने आगे कहा, "घोसालकर की हत्या पूरी सोची समझी साजिश थी। इसके पीछे सत्ताधारी पार्टी के एक प्रवक्ता शामिल है।" 

वडेट्टीवार ने कहा, "एक जन प्रतिनिधि पर गोली चलाने से ज्यादा दुर्भाग्य राज्य के लिए क्या हो सकता है? शिवसेना के पूर्व नगरसेवक और नेता अभिषेक घोसालकर पर गोलीबारी की घटना राज्य के एक नागरिक के रूप में चौंकाने वाली और बेहद परेशान करने वाली है।" उन्होंने कहा, "राज्य में एक के बाद एक गोलीबारी की घटनाएं हो रही हैं, क्या मुख्यमंत्री और गृह मंत्री जगह पर हैं? क्या आप देखते हैं कि आपके शब्द कितने खोखले हैं कि आप केवल कार्रवाई करते हैं और जांच करते हैं?"

        जन प्रतिनिधि सुरक्षित नहीं हैं, नेताओं पर गोली चलाई जा रही है, सत्ताधारी विधायक बंदूकों से आतंकित कर रहे हैं। पहले ऐसी खबरें सिर्फ बिहार और उत्तर प्रदेश से ही आती थीं. आज ये तस्वीर महाराष्ट्र की जनता अपने राज्य में प्रत्यक्ष देख रही है. राज्य में मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री गुंडों को प्रश्रय दे रहे हैं, एक-दूसरे पर तंज कसने में लगे हैं. क्या आपको पता भी है कि बाहर क्या हो रहा है? अगर गैंगस्टरों को राजश्रय मिल रहा है तो उन्हें कानून का डर क्यों रहेगा?