logo_banner
Breaking
  • ⁕ ई-20 पेट्रोल के विरोध में युवक कांग्रेस का हल्लाबोल, नितिन गडकरी का आवास घेरने का प्रयास; बैरिकेडिंग तोड़ने की कोशिश पर पुलिस ने रोका ⁕
  • ⁕ आरपीएफ का ऑपरेशन 'नार्कोस', रेलवे स्टेशन पर लावारिस बैग से 4.15 किलो संदिग्ध मादक पदार्थ बरामद ⁕
  • ⁕ भंडारा से शुरू हुई मंडल यात्रा, विजय वडेट्टीवार बोले- OBC जातिगत जनगणना के लिए सरकार को झुकाना होगा ⁕
  • ⁕ Chandrapur: पिता के ट्रांसफर के लिए बेचे गए मां के गहने, पैसे खोने पर युवक बना चोर; डिजिटल लॉकर तोड़ नहीं, कोड से उड़ाए पैसे ⁕
  • ⁕ समिति अध्यक्षों द्वारा अधिकारों का दुरुपयोग, विपक्ष ने खोला मोर्चा; मनपा आयुक्त से की शिकायत ⁕
  • ⁕ इलाज या लापरवाही? गर्भवती और गर्भस्थ शिशु की मौत के बाद अस्पताल के बाहर हंगामा ⁕
  • ⁕ नागपुर-भंडारा राष्ट्रीय राजमार्ग: खड्डों और ट्रैफिक से परेशान कांग्रेस का कापसी में 'रास्ता रोको' प्रदर्शन ⁕
  • ⁕ विदर्भ सहित राज्य के 247 नगर परिषदों और 147 नगर पंचायतों में अध्यक्ष पद का आरक्षण घोषित, देखें किस सीट पर किस वर्ग का होगा अध्यक्ष ⁕
  • ⁕ अमरावती में युवा कांग्रेस का ‘आई लव आंबेडकर’ अभियान, भूषण गवई पर हमले के खिलाफ विरोध प्रदर्शन ⁕
  • ⁕ Gondia: कुंभारटोली निवासियों ने विभिन्न मुद्दों को लेकर नगर परिषद पर बोला हमला, ‘एक नारी सबसे भारी’ के नारों से गूंज उठा आमगांव शहर ⁕
Akola

हत्या का प्रयास: आरोपी को 6 वर्ष कठोर कार्रवाई, और 1 हजार के जुर्माने की सजा


अकोला. जिला एवं सत्र न्यायाधीश क-2 डी.बी. पतंगे ने आरोपी सुरेश देशमुख, निवासी कोकणवाड़ी, मुर्तिजापुर को हत्या का प्रयास करने के मामले में दोषी पाए जाने पर 6 वर्ष के कठोर कारावास की सजा और एक हजार रू. जुर्माने के आदेश दिए.

प्राप्त जानकारी के अनुसार इस मामले में आरोपी सुरेश ने वादी दीपक अहेरवाल, मुर्तिजापुर के भाई राम अहेरवाल से शराब पीने के लिए पैसे मांगे, लेकिन वादी के भाई ने पैसे देने से इनकार कर दिया. इसी वजह से आरोपी ने वादी के भाई राम के गले व शरीर के अन्य हिस्सों पर किसी नुकीली चीज से वार कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया. जिससे फरियादी ने आरोपी सुरेश देशमुख के खिलाफ मुर्तिजापुर पुलिस थाने में शिकायत दी थी. 

पुलिस ने इस प्रकरण में आरोपी के खिलाफ भादंसं की धारा 307 के तहत मामला दर्ज किया. मामले की जांच तत्कालीन थानेदार पुलिस निरीक्षक डी.के. आव्हाल ने की. जांच पूरी होने के बाद आरोपी के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की गई. उक्त मामले में सरकारी पक्ष ने अपराध साबित करने के लिए कुल 9 गवाहों से पूछताछ की. 

अदालत ने सरकार के साक्ष्यों को स्वीकार करते हुए आरोपी को दोषी मानते हुए 6 वर्ष कठोर कारावास की सजा और 1 हजार रू. जुर्माना, इसी तरह जुर्माना न भरने पर अतिरिक्त छह माह के कठोर कारावास की सजा सुनाई. उक्त मामले में अतिरिक्त सरकारी वकील आशीष फुंडकर ने सरकारी पक्ष रखा. इसी तरह प्रकरण में पुलिस हेड कांस्टेबल उंबरकर, सीएमएस व कोर्ट पैरवी पुलिस हेड कांस्टेबल संजय भारसाकले ने सहयोग किया.