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Buldhana

Buldhana: वापसी की बारिश से सोयाबीन की फसल बर्बाद, किसानों के सामने खड़ी हुई चिंता 


बुलढाणा: जिले के अधिकांश हिस्सों में भारी बारिश हुई है, इसके कारण सोयाबीन की फसल को भारी नुकसान हुआ है। इसी को लेकर अब किसानों के सामने बड़ी समस्या खड़ी हो गई है। लगातार हुई बारिश के कारण सोयाबीन की फसल को नुक्सान हुआ है, जिसके कारण फसलों की अंकुरण क्षमता कम हो गई है। वहीं इससे जो फसल बच गई वह भारी बारिश के भेंट चढ़ गई। वहीं जो थोड़ी फसल बची थी उससे फसल की लागत निकलने की आस लगाए बैठे थे, लेकिन दीपावली के पहले वापसी के बारिश ने इस आस पर भी पानी फेर दिया। 

जिले के मलकापुर, नंदुरा और खामगांव तहसील वापसी की बारिश से सबसे ज्यादा प्रभावित हुए। इन तहसील के सभी सर्किलों में 5 सितंबर से हर दिन भारी बारिश हो रही है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में नाले व नहरों में पानी भर गया। कृषि कार्य ठप हो गया। मौजूदा समय खेतों से सोयाबीन की फसल को काटने का समय है। जिले के कई तहसीलों में किसानों ने इसे शुरू भी कर दिया है, लेकिन अचानक आए बारिश के कारण खेतों में पानी भर गया है। जिससे फसल काटना मुश्किल हो गया है। इसके चलते किसान परेशान हैं।

कपास की फसल को भी नुकसान 

वहीं दूसरी तरफ किसानों को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। सोयाबीन और सब्जियों और बगीचों को भारी नुकसान पहुंचा है। जब खेत में सोयाबीन की कटाई चल रही थी, तब काफी हंगामा हुआ। बारिश के साथ बिजली चमकने और भारी मात्रा में गरज के साथ पूरे सप्ताह में भय का माहौल बना रहा। खेत में दूर रखे सोयाबीन के जंगों में पानी रिस गया। आंधी तूफान के साथ बारिश के कारण कपास की फसल भी चौपट हो गई। इसमें सब्जी और फलों के बागानों को काफी हद तक नुकसान पहुंचा है। 

सरकार से तुरंत मिले मुआवजा 

लगातार हो रही बारिश के कारण किसान बेहद मुश्किलों में फंस गए हैं। बारिश के कारण हुए नुकसान से खरीफ की बुवाई का खर्चा उठाना मुश्किल हो रहा है और किसान परेशान हैं। क्षेत्र के किसान मांग कर रहे हैं कि सरकार तुरंत पंचनामा के जरिए मुआवजे की सब्सिडी की घोषणा करे।