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Nagpur

G20 Summit: शुरू हुई C20 की बैठक, कैलाश सत्यार्थी बोले- भारत 100 ख़रब समस्याओं के समाधान की भी भूमि


नागपुर: देश में सी-20 की बैठक का सोमवार को नागपुर से औपचारिक उद्घाटन हुआ। रेडिसन ब्लू होटल में यह बैठक आयोजित की गई। इस मौके पर सी-20 की अध्यक्षता कर रही आध्यात्मिक गुरु माता अमृतानंदमयी देवी और मुख्य अतिथि नोबेल पुरस्कार विजेता कैलाश सत्यार्थी, महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस उपस्थित रहे। विदेशी मेहमानों का देश में स्वागत करते हुए सत्यार्थी ने कहा की अब समय है की करुणा का वैश्वीकरण किया जाये। उन्होंने जी-20 सम्मेलन के तहत भारत द्वारा तय किये गए धेय्य की व्याख्या करते हुए कहा की संभव है की भारत सौ समस्याओं की भूमि हो लेकिन भारत वो भूमि भी है जो 100 बिलियन समस्याओं के समाधान की भी भूमि है।

विश्व के कई देशों के पहुंचे प्रतिनिधियों के सामने कैलाश सत्यार्थी ने बेहद प्रभावशाली भाषण दिए, उन्होंने कहा की विश्व इस समय सिविलाइजेशन की गंभीर समस्या से जूझ रहा है।ये समय है की सोशल और पॉलिटिकल न्याय के लिए खड़ा हुआ जाये,उन्होंने कहा की 11 ट्रिलियल डॉलर कोरोना की महामारी के बाद अर्थव्यस्था को मदत के लिए तय किये गए लेकिन इसका 0।3 प्रतिशत हिस्सा भी गरीबों के लिए नहीं रखा गया।

भारत 100 बिनियन समस्याओं के समाधान की भी भूमि

उन्होंने कहाँ कि, “जी 20 की अध्यक्षता के बाद भारत पर ये जिम्मेदारी है की वह दक्षिण के देशो का प्रभावी प्रतिन्धित्व करे। भारत विश्व को करुणा का भाव स्थापित करने के लिए नेतृत्व करें,उन्होंने यह भी कहा की सर्वसमावेशता भारत के डीएनए में है। कोरोना हो या युद्ध इससे सबसे ज्यादा असर बच्चो पर पड़ता है। ऐसे समय में उन्हें सामाजिक सुरक्षा दिए जाने के ही साथ भावनात्मक और आर्थिक आधार दिए जाने की जरुरत है। इसलिए करुणा का वैश्वीकरण जरुरी है।” सत्यार्थी ने विश्व के प्रतिनधियों के सामने कहा कि, “भारत भले ही 100 समस्याओं की भूमि हो लेकिन यह 100 बिनियन समस्याओं के समाधान की भी भूमि है।”