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Nagpur

Nagpur Metro Phase-2: 43.8 किलोमीटर लंबे रूट पर खर्च होंगे 6708 करोड़, बनेंगे 30 नए स्टेशन


नागपुर: केंद्रीय कैबिनेट (Central Cabinet) ने नागपुर मेट्रो के फेज-2 (Nagpur Metro Phase-2) को अपनी मंजूरी दे दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) की अध्यक्षता में आयोजित कैबिनेट बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। 43.8 किलोमीटर लंबे इस प्रोजेक्ट को पूरा करने में 6708 करोड़ रूपये खर्च किया जाएगा। इस दौरान 30 नए मेट्रो स्टेशन का भी निर्माण किया जाएगा।

दूसरे चरण में मेट्रो का विस्तार उत्तर में कन्हान, दक्षिण में बुटीबोरी एमआईडीसी, पूर्व में काप्सी स्थित ट्रांसपोर्ट ट्रांसपोर्ट नगर (काप्सी) और पश्चिम में हिंगना तक होगा। वहीं दो स्टेशनों के बीच 1.2 किमी का अंतर होगा। जिसके हिसाब से 42.6 किमी रूट पर 30 स्टेशनों का निर्माण किया जाएगा। वहीं सीताबर्डी में बना इंटरचेंज मुख्य होगा। 

50:50 होगी राज्य और केंद्र की हिस्सेदारी

मेट्रो फेज को पूरा करने में आने वाले खर्च में केंद्र सरकार और राज्य सरकार की हिस्सेदारी 50-50 प्रतिशत की होगी। जिसके तहत केंद्र और राज्य क्रमशः 3354-3354 करोड़ रूपए देंगे। इसी के साथ जरुरत पढ़ने पर अंतरष्ट्रीय वित्तीय संस्थानों से भी लोन लेने का प्रावधान किया गया है। मेट्रो के दूसरे हिस्से को 2026 तक पूरा करने का निर्णय लिया गया है।

यह ऐतिहासिक निर्णय

केंद्र से मिली मंजूरी पर महामेट्रो के प्रबंधक निदेशक बृजेश दीक्षित ने इसे ऐतिहासिक बताया है। यूसीएन न्यूज़ से बात करते हुए महामेट्रो प्रबंधक निदेशक ने कहा कि, यह शहर के लिए बेहद हर्ष की बात है। मेट्रो के पहले चरण से जहां शहर के एक तिहाई क्षेत्र जुड़ा हुआ हैं, वहीं मेट्रो के दूसरे चरण के पूरा होने के बाद दो तिहाई हिस्सा जुड़ जाएगा। वर्तमान में जहां तीन लाख लोग मेट्रो से यात्रा कर रहे हैं, वहीं इसके बाद छह लाख लोग यात्रा करेंगे। इससे जहां यातायात सुगम होगा वहीं नागरिकों के पैसे भी बचेंगे। साथ ही क्षेत्र का विकास भी होगा।"  

ग्रामीण और शहर की कनेक्टिविटी होगी मजबूत 

मेट्रो के विस्तार होने के बाद जिले ग्रामीण क्षेत्रों से शहर की बेहद आसान और मजबूत होगी। जिले के चारों दिशाओं से आना-जान बेहद आसान हो जाएगा। बुटीबोरी जैसे औद्योगिक क्षेत्र से रोजाना बड़ी संख्या में लोग आते-जाते हैं। वर्तमान में उन्हें निजी वाहन या स्टार बस का इस्तेमाल कर नागपुर पहुंचते हैं। मेट्रो के बाद वह आसानी से नागपुर आ सकेंगे। वहीं कन्हान, हिंगना जैसे बेहद महत्वपूर्ण क्षेत्रों से आने वाले नागरिकों को एक सस्ता और अच्छा साधन उपलब्ध होगा।